भारत में मौसम परिवर्तन: 12 राज्यों में बारिश और ओले
मौसम में बदलाव का कारण
वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के प्रभाव से मौसम में बदलाव
नई दिल्ली: वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के कारण भारत के 12 राज्यों में मौसम में बदलाव देखा जा रहा है। पहाड़ी क्षेत्रों जैसे जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में भारी बर्फबारी हो रही है। वहीं, मैदानी इलाकों जैसे राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और बिहार में तेज बारिश के साथ ओले गिरने की घटनाएं हो रही हैं। यह वेस्टर्न डिस्टर्बेंस एक बादल प्रणाली है, जो सर्दियों में उत्तर भारत में बारिश और बर्फबारी का कारण बनती है।
आगामी मौसम पूर्वानुमान
मौसम विभाग ने 21 और 22 मार्च को उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कई क्षेत्रों में हल्की बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई है। राजस्थान के कुछ जिलों में ओले गिरने का भी अलर्ट जारी किया गया है। हिमाचल प्रदेश में आॅरेंज अलर्ट जारी कर भारी बर्फबारी की चेतावनी दी गई है। पूर्वोत्तर भारत में, विशेषकर पश्चिम बंगाल और सिक्किम में तेज बारिश की संभावना है। तमिलनाडु, केरल और आंध्र प्रदेश में आंधी का अलर्ट भी जारी किया गया है।
गंगोत्री धाम में बर्फबारी
गंगोत्री धाम में चार दिन से बर्फबारी हो रही
उत्तराखंड के गंगोत्री धाम में पिछले चार दिनों से बर्फबारी हो रही है। शुक्रवार को भी यहां बर्फ गिरी।
राजस्थान में आंधी-बारिश का अलर्ट
राजस्थान में आंधी-बारिश का अलर्ट
राजस्थान के जयपुर सहित कई जिलों में शुक्रवार सुबह तेज बारिश हुई। 17 से अधिक शहरों में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। गुरुवार को राजस्थान में आंधी के साथ बारिश और ओले गिरने से तापमान 11 डिग्री तक गिर गया।
उत्तर प्रदेश में बारिश की संभावना
उत्तर प्रदेश में 22 मार्च तक बारिश के आसार
उत्तर प्रदेश में शुक्रवार सुबह मथुरा में तेज बारिश हुई। प्रदेश के 33 जिलों में बादल छाए हुए हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 2 दिनों तक यानी 22 मार्च तक ऐसा ही मौसम रहने की संभावना है। गुरुवार को बांदा सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 39.6 डिग्री दर्ज किया गया।
हरियाणा में आंधी और ओले
हरियाणा के 19 जिलों में आॅरेंज अलर्ट, आंधी के साथ ओले गिर सकते हैं
हरियाणा के तीन जिलों सोनीपत, महेंद्रगढ़ और पानीपत में शुक्रवार सुबह बारिश हुई। मौसम विभाग ने राज्य के 19 जिलों में आॅरेंज अलर्ट जारी किया है, जहां गरज-चमक के साथ ओले गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है। मार्च के महीने में दिसंबर जैसी ठंड का अहसास हो रहा है।