हरियाणा में धान खरीद संकट: किसानों का प्रदर्शन और मौसम की चेतावनी
हरियाणा में धान खरीद संकट
हरियाणा में धान खरीद संकट 2026: हरियाणा की अनाज मंडियों में बेमौसम बारिश, खरीद में देरी और उठान की कमी के कारण स्थिति गंभीर हो गई है। कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल, जींद और यमुनानगर में किसानों ने मार्केट कमेटियों के कार्यालयों पर ताले जड़कर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदेश के नौ जिलों में भारी बारिश के लिए ऑरेंज और नौ जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है, जिससे मंडियों में खुले आसमान के नीचे रखे लगभग 8 लाख क्विंटल धान भीगने के कगार पर हैं।
बारिश और खरीद में देरी का संकट
हरियाणा में बारिश का अलर्ट: किसानों का धैर्य अब टूट चुका है। कुरुक्षेत्र, करनाल, जींद, कैथल और यमुनानगर की मंडियों में बारिश और खरीद में देरी ने गंभीर संकट उत्पन्न कर दिया है। हाल ही में हुई मूसलाधार बारिश के कारण मंडियों में रखी लाखों बोरियां भीग गईं। पिहोवा में बारिश के पानी के साथ धान बह गया। खरीद में देरी के कारण नमी बढ़ने से किसानों को उचित मूल्य न मिलने और उपज के रिजेक्ट होने का डर सता रहा है।
मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग का अलर्ट: मौसम विभाग ने प्रदेश के 18 जिलों के लिए कड़ी चेतावनी जारी की है। पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, पानीपत, सोनीपत और रोहतक में तेज बारिश और 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं जींद, गुरुग्राम, फरीदाबाद, रेवाड़ी, झज्जर समेत नौ जिलों में येलो अलर्ट है। यदि तेज हवा के साथ ओले गिरे तो मंडियों में रखे धान का बर्बाद होना तय है।
किसानों का प्रदर्शन
मार्केट कमेटियों पर ताले: धान खरीद में लापरवाही के खिलाफ किसानों ने कई जिलों में प्रदर्शन किया। करनाल में संयुक्त किसान मोर्चा और किसान मजदूर संघर्ष मोर्चा ने अनाज मंडी में तीन घंटे तक मार्केट कमेटी कार्यालय को घेर लिया। कैथल, कलायत और जींद में भी इसी तरह के प्रदर्शन हुए। भारतीय किसान यूनियन ने प्रशासनिक विफलता के विरोध में 17 अक्टूबर को पूरे हरियाणा में भाजपा जिला कार्यालयों के बाहर पुतले जलाने का निर्णय लिया है।
कुरुक्षेत्र में स्थिति बिगड़ती जा रही है
कुरुक्षेत्र में धान की स्थिति: कुरुक्षेत्र की मुख्य अनाज मंडी में धान की बोरियों के लिए जगह नहीं बची है। बारिश के कारण खुले में पड़ा धान अब खराब होने लगा है। मंडी प्रशासन ने अत्यधिक जाम और अव्यवस्था को देखते हुए कट्टों में लाए जाने वाले धान के गेट पास काटने पर रोक लगा दी है।
कृषि मंत्री का निरीक्षण
कृषि मंत्री का दौरा: पानीपत, सफीदों, समालखा और मतलौडा मंडियों के औचक निरीक्षण पर पहुंचे कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा को किसानों और आढ़तियों के तीखे सवालों का सामना करना पड़ा। आढ़तियों ने आरोप लगाया कि मार्केटिंग बोर्ड के अधिकारी जमीनी स्तर पर कोई काम नहीं कर रहे हैं। कृषि मंत्री ने लापरवाह अधिकारियों को निलंबित करने की चेतावनी दी और 24 घंटे के भीतर मंडियों से शत-प्रतिशत उठान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।