हरियाणा में स्कूलों की छुट्टियां बढ़ाई गई, 17 जनवरी तक बंद रहेंगे
हरियाणा में स्कूलों की छुट्टियां बढ़ाई गईं
हरियाणा सरकार ने अत्यधिक ठंड और घने कोहरे को ध्यान में रखते हुए स्कूलों की छुट्टियों को 17 जनवरी तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। स्कूल अब 19 जनवरी से फिर से खुलेंगे।
चंडीगढ़. हरियाणा में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के कारण राज्य सरकार ने स्कूली बच्चों को राहत प्रदान की है। शिक्षा विभाग ने सर्दियों की छुट्टियों को आगे बढ़ाने का फैसला किया है।
पहले जो स्कूल 16 जनवरी से खुलने वाले थे, अब उन्हें कुछ और दिनों के लिए बंद रखा जाएगा। यह निर्णय बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, क्योंकि सुबह के समय घनी धुंध के कारण दृश्यता बहुत कम हो गई है।
स्कूल अब 17 जनवरी तक बंद रहेंगे
स्कूलों की नई छुट्टियों की घोषणा
शिक्षा विभाग के नए आदेशों के अनुसार, हरियाणा के सभी सरकारी और निजी स्कूल अब 17 जनवरी 2026 तक बंद रहेंगे। पहले, सरकार ने 1 जनवरी से 15 जनवरी तक सर्दियों की छुट्टियों की घोषणा की थी, और 16 जनवरी को स्कूलों के फिर से खुलने की योजना थी, लेकिन मौसम की स्थिति ने प्रशासन को अपना निर्णय बदलने पर मजबूर कर दिया।
स्कूल 19 जनवरी को क्यों खुलेंगे
स्कूलों के खुलने की तारीख
अभिभावकों और छात्रों को यह समझना आवश्यक है कि स्कूल अब सीधे 19 जनवरी को क्यों खुलेंगे।
17 जनवरी (शनिवार): तक शिक्षा विभाग ने आधिकारिक छुट्टियां घोषित की हैं।
18 जनवरी (रविवार): को रविवार होने के कारण साप्ताहिक अवकाश रहेगा।
19 जनवरी (सोमवार): को मौसम साफ रहने पर स्कूल विधिवत रूप से खोले जाएंगे।
इस प्रकार, बच्चों को पढ़ाई से 3 दिन की अतिरिक्त राहत मिल गई है।
बर्फीली हवाओं का प्रभाव
बर्फीली हवाओं का असर
मौसम विभाग के अनुसार, पहाड़ों पर हुई बर्फबारी के बाद मैदानी क्षेत्रों में बर्फीली हवाएं चल रही हैं। हरियाणा के कई जिलों में तापमान में भारी गिरावट आई है। सुबह और रात के समय घना कोहरा छाया रहता है, जिससे दृश्यता केवल 10 से 20 मीटर रह गई है। ऐसे में सड़क पर वाहन चलाना जोखिम भरा हो गया है।
सुरक्षा के लिए उठाए गए कदम
सुरक्षा के लिए निर्णय
शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि घने कोहरे में स्कूल बसों और वैन का संचालन करना बच्चों की जान को खतरे में डाल सकता है। धुंध के कारण सड़क हादसों की संभावना बढ़ जाती है। इसके अलावा, इतनी ठंड में छोटे बच्चों के बीमार पड़ने का खतरा भी बना रहता है। इन सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद ही छुट्टियां बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। यह आदेश आंगनवाड़ी केंद्रों पर भी लागू हो सकता है।
बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी
बोर्ड परीक्षाओं पर ध्यान
हालांकि स्कूलों में छुट्टियां बढ़ा दी गई हैं, लेकिन 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं नजदीक हैं। ऐसे में कई निजी स्कूल ऑनलाइन कक्षाओं के माध्यम से पाठ्यक्रम पूरा करने की योजना बना रहे हैं। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि सीनियर छात्रों को घर पर रहकर अपनी रिवीजन जारी रखनी चाहिए ताकि पढ़ाई का नुकसान न हो।
अभिभावकों की प्रतिक्रिया
अभिभावकों की राहत
सरकार के इस निर्णय का अभिभावकों ने स्वागत किया है। उनका कहना है कि सुबह इतनी ठंड होती है कि बच्चों को बिस्तर से उठाना मुश्किल हो जाता है। ऐसे मौसम में स्कूल भेजने की चिंता हमेशा बनी रहती थी। अब छुट्टियां बढ़ने से बच्चे घर पर सुरक्षित रह सकेंगे।