अखिलेश यादव का भाजपा पर तीखा हमला, सांसद को दी चेतावनी
अखिलेश यादव की कड़ी प्रतिक्रिया
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने भाजपा सांसद निशिकांत दुबे को टैग करते हुए कहा कि उन्हें 10 मिनट का समय दिया जाता है कि वे अपने झूठे ट्वीट को हटा दें, अन्यथा उनके खिलाफ तुरंत नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
यादव ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के सांसदों को जो विशेषाधिकार प्राप्त है, वही विपक्ष के सांसदों को भी मिलना चाहिए। उन्होंने पुरुषोत्तम प्रभु राम जी की मर्यादा और सामाजिक शालीनता का सम्मान करते हुए भाजपा सांसद को चेतावनी दी कि यदि वे अपने झूठे पोस्ट को नहीं हटाते हैं, तो उन्हें कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। इसके साथ ही, उन्होंने उन सभी को भी चेतावनी दी जिन्होंने यह झूठ फैलाया है कि वे इसे तुरंत डिलीट करें और सार्वजनिक माफी मांगें।
सार्वजनिक-सार्वभौमिक वैधानिक चेतावनी!
जितना सत्ता पक्ष के सांसद का विशेषाधिकार होता है, उतना ही विशेषाधिकार विपक्ष के सांसद का भी होता है। पुरुषोत्तम प्रभु राम जी की मर्यादा एवं सामाजिक शालीनता, सभ्यता और संसदीय परंपरा का मान रखते हुए हम भाजपा के सांसद को 10 मिनट का समय देते हैं…
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) July 6, 2026
उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा के लोग किसी के सगे नहीं हैं, और जब कोर्ट-कचहरी के मामलों में सालों लगेंगे, तो कोई भी मदद के लिए नहीं आएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा और उनके सहयोगी 'पीडीए समाज' को कलंकित करने के लिए झूठ फैलाने में लगे हैं। यादव ने कहा कि 'पीडीए समाज' एकजुट होकर इसका जवाब देगा।
अखिलेश यादव ने यह भी कहा कि 'चढ़ावा-चंदा-दान चोरों' का गिरोह अब जनाक्रोश के डर से अपने घरों में छिपा हुआ है और षड्यंत्र कर रहा है। उन्होंने कहा कि यदि मुखबिरों के वंशजों में सत्य का साहस है, तो उन्हें अपने भूमिगत निवास से बाहर आकर अयोध्यावासियों के सामने सच्चाई रखनी चाहिए।
उन्होंने सभी रामभक्तों, सनातनियों, अयोध्या के साधु-संतों, सर्वोच्च न्यायालय, लोकसभा अध्यक्ष और उप्र-अयोध्या के नागरिकों से अपील की कि वे इस मामले पर ध्यान दें।