अखिलेश यादव ने भाजपा की योजना पर उठाए सवाल, महिलाओं को आर्थिक मदद का किया विरोध
यूपी में महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की योजना
यूपी राजनीति: आगामी 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले, योगी सरकार महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की योजना बना रही है। इस योजना के तहत, गरीब महिलाओं के खातों में चुनाव से पहले 20-20 हजार रुपये सीधे ट्रांसफर किए जा सकते हैं, जबकि शेष 30 हजार रुपये चुनाव के बाद दिए जाने की संभावना है। इस पर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा पर तीखा हमला किया है।
अखिलेश यादव ने एक कविता के माध्यम से भाजपा की इस योजना और राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी को जोड़ने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि यदि भाजपा की ओर से कोई पैसे का लालच दे, तो उसे न लें, क्योंकि ऐसा करने से पाप लगेगा। उन्होंने लिखा, “राम जी से घात का पैसा धर्म-दान पात्र का पैसा भाजपा के पाप का पैसा नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए ऐसा पैसा ~ नहीं चाहिए नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए … ऐसा पैसा नहीं फलेगा ज़्यादा दिन नहीं चलेगा जो लेगा ~ उसको पाप लगेगा नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए ऐसा पैसा ~ नहीं चाहिए नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए।”
राम जी से घात का पैसा
धर्म-दान पात्र का पैसा
भाजपा के पाप का पैसानहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए
ऐसा पैसा ~ नहीं चाहिए
नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिएऐसा पैसा नहीं फलेगा
ज़्यादा दिन नहीं चलेगा
जो लेगा ~ उसको पाप लगेगानहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए
ऐसा पैसा ~ नहीं चाहिए
नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए… pic.twitter.com/v3XcPGrpWy— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) August 16, 2026
पूर्व मुख्यमंत्री ने आगे कहा, “जब भाजपा से कोई पैसे का लालच दिखाए, तो उनसे पूछें कि उन्होंने मंदिर का मान क्यों गिराया। ऐसा पैसा नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए ऐसा पैसा ~ नहीं चाहिए नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए। समझें… जिस पैसे से पड़ेगा पाप, उसे हाथ नहीं लगाना, वरना श्राप लगेगा। इसीलिए राम जी से घात का पैसा धर्म-दान पात्र का पैसा भाजपा के पाप का पैसा नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए ऐसा पैसा ~ नहीं चाहिए नहीं चाहिए ~ नहीं चाहिए।”
उन्होंने एक एआई द्वारा निर्मित वीडियो भी साझा किया है, जिसमें उपरोक्त पंक्तियों को गाया गया है। इस वीडियो में एक युवक मंदिर का दान पात्र चुराकर भागता है और फिर उसी दान पात्र से लोगों को पैसे बांटता है। इस वीडियो को अखिलेश यादव भाजपा की आगामी योजना से जोड़कर देख रहे हैं। इस वीडियो के शेयर होने के बाद यूपी की राजनीति में हलचल मचने की संभावना है।