अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को कोर्ट से मिली राहत, सच की जीत का जश्न
दिल्ली शराब नीति मामले में अदालत का फैसला
दिल्ली में शराब नीति से संबंधित सीबीआई मामले में शुक्रवार को राऊज एवेन्यू कोर्ट ने आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया सहित सभी आरोपियों को बरी कर दिया। इस फैसले के बाद, केजरीवाल ने सोशल मीडिया पर अपनी खुशी व्यक्त की।
उन्होंने 'एक्स' पर लिखा कि अंततः अधर्म और अन्याय हारता है, और सत्य की विजय होती है। सत्यमेव जयते।
अरविंद केजरीवाल की पत्नी, सुनीता केजरीवाल ने मीडिया से बातचीत में कहा कि चाहे कोई कितना भी शक्तिशाली क्यों न हो, लेकिन ईश्वर की शक्ति से बड़ा कोई नहीं है। उन्होंने कहा कि केजरीवाल ने अपने जीवन को ईमानदारी से जिया है और उनका एकमात्र उद्देश्य भारत की प्रगति है।
सुनीता ने आगे कहा कि सत्ता के लालच में उन पर झूठे आरोप लगाए गए और उन्हें बदनाम करने की कोशिश की गई। उन्होंने उन सभी का धन्यवाद किया जिन्होंने इस कठिन समय में उनका समर्थन किया।
दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने भी इस मामले पर टिप्पणी करते हुए कहा कि चाहे कितने भी झूठे आरोप लगाए गए हों, अंततः सत्य की जीत हुई है। उन्होंने भाजपा के षड्यंत्र और केजरीवाल की ईमानदारी को देश के सामने रखा।
अदालत से बरी होने के बाद, केजरीवाल और सिसोदिया का परिवार द्वारा फूलों से स्वागत किया गया। केजरीवाल ने अपनी पत्नी और बच्चों को गले लगाया।
इससे पहले, मीडिया से बात करते हुए केजरीवाल भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि आज सत्य की विजय हुई है और भाजपा द्वारा लगाए गए शराब घोटाले का सच सामने आ गया है। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी को खत्म करने के लिए भाजपा ने एक बड़ा षड्यंत्र रचा था, लेकिन अदालत ने स्पष्ट कर दिया कि वे भ्रष्ट नहीं हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने अपने जीवन में केवल ईमानदारी से कमाई की है और लोगों से अपील की कि सत्ता के लिए देश और संविधान के साथ खिलवाड़ न करें।