×

कंगना रनौत ने राहुल गांधी पर कसा तंज, कांग्रेस के भविष्य पर उठाए सवाल

भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने हाल ही में राइजिंग भारत समिट 2026 में राहुल गांधी पर तीखा हमला किया। उन्होंने कांग्रेस के भविष्य को लेकर गंभीर सवाल उठाए और कहा कि पार्टी को नए नेतृत्व की आवश्यकता है। कंगना ने राहुल के संसद में बोलने के तरीके और युवा कांग्रेस के प्रदर्शनों पर भी नाराजगी जताई। उनके बयान ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है। जानें इस विवाद के पीछे की पूरी कहानी और इसके संभावित प्रभाव।
 

कंगना का तीखा हमला


राइजिंग भारत समिट 2026 में भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला किया। उन्होंने राहुल के व्यवहार को लेकर कई विवादास्पद टिप्पणियां कीं और कहा कि यदि कांग्रेस को भविष्य में सफल होना है, तो उसे नए चेहरे की तलाश करनी होगी। कंगना के इस बयान ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है और दोनों दलों के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है।


कांग्रेस के भविष्य पर चिंता

कंगना रनौत ने कहा कि कांग्रेस पार्टी खुद राहुल गांधी के व्यवहार से असहज महसूस कर रही होगी। उनके अनुसार, यदि पार्टी को आगे बढ़ना है, तो उसे मजबूत और संतुलित नेतृत्व की आवश्यकता है। कंगना ने यह भी कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में कांग्रेस का भविष्य स्पष्ट नहीं दिखता।


संसद में व्यवहार पर सवाल

भाजपा सांसद ने राहुल गांधी के संसद में बोलने के तरीके पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उनका अंदाज गंभीर बहस जैसा नहीं लगता। कंगना के अनुसार, कई बार उनके बयान ऐसे होते हैं कि सत्ता पक्ष के सांसद हंसने लगते हैं, जिसे उन्होंने लोकतांत्रिक गरिमा के खिलाफ बताया।


प्रदर्शन और समर्थन पर नाराजगी

दिल्ली में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान युवा कांग्रेस के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कंगना ने इसे गलत बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों में हंगामा करना देश की छवि को नुकसान पहुंचाता है। राहुल गांधी द्वारा प्रदर्शनकारियों के समर्थन पर भी उन्होंने नाराजगी व्यक्त की।


तीखे शब्दों का प्रयोग

कंगना ने अपने बयान में राहुल गांधी के लिए कड़े शब्दों का इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि उनका व्यवहार जिम्मेदार नेता जैसा नहीं है। इसके साथ ही, यह भी कहा कि देशहित में गंभीर और सोच-समझकर बोलने वाले नेताओं की आवश्यकता है।


विवादों में कंगना का नाम

कंगना रनौत अपने बयानों को लेकर पहले भी चर्चा में रही हैं। पिछले साल हिमाचल प्रदेश में बाढ़ के दौरान उन्होंने अपने कैफे के नुकसान का जिक्र किया था, जिस पर उन्हें आलोचना का सामना करना पड़ा। एक बार फिर उनके ताजा बयान ने राजनीतिक बहस को तेज कर दिया है।