कर्नाटक विधान परिषद चुनाव में भाजपा विधायकों की क्रॉस वोटिंग का मामला
कर्नाटक में चुनावी समीकरण
कर्नाटक में विधान परिषद के चुनावों के दौरान भाजपा के विधायकों ने कांग्रेस के उम्मीदवार के पक्ष में क्रॉस वोटिंग की। इस स्थिति में, विपक्षी दलों के सांसद और विधायक भाजपा के समर्थन में वोट डाल रहे हैं। हालांकि, कांग्रेस के पास 135 विधायक हैं, लेकिन उन्हें 151 वोट मिले, जो यह दर्शाता है कि पांच अतिरिक्त विधायकों का समर्थन पहले से ही उनके पास था। इसका मतलब यह है कि यदि सभी कांग्रेस और उनके समर्थकों के वोट गिरे, तब भी 11 विधायकों ने क्रॉस वोटिंग की।
कर्नाटक में एमएलसी की सात सीटों के लिए चुनाव हुए, जिसमें आठ उम्मीदवार मैदान में थे। विधानसभा में 224 सीटें हैं, जिनमें से दो खाली हैं। सत्तारूढ़ गठबंधन के पास 140 सीटें हैं, जबकि भाजपा के नेतृत्व वाले विपक्ष के पास 82 सीटें हैं। एक सीट जीतने के लिए 29 वोटों की आवश्यकता थी। भाजपा और जेडीएस गठबंधन ने दो सीटें जीतीं, जबकि कांग्रेस ने चार सीटें जीतीं।
राज्य के नए मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने भाजपा गठबंधन को करारा जवाब दिया और भाजपा तथा जेडीएस के 11 विधायकों को तोड़कर अपना पांचवां उम्मीदवार जीतने में सफल रहे। हालांकि, भाजपा ने भी दो सीटें जीतीं, जिससे जेडीएस को नुकसान हुआ।