डोनाल्ड ट्रंप का नाटो पर बड़ा बयान: अमेरिका की जरूरत है नाटो को
ट्रंप का नाटो पर बयान
ईरान के खिलाफ युद्ध में नाटो से सहायता की कमी पर ट्रंप का गुस्सा
वॉशिंगटन में पत्रकारों से बातचीत करते हुए, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नाटो के प्रति अपनी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जब अमेरिका और ईरान के बीच विवाद बढ़ रहा था, तब नाटो से मदद का प्रस्ताव आया, लेकिन तब तक स्थिति काफी बदल चुकी थी। ट्रंप ने स्पष्ट किया कि अब उन्हें नाटो की मदद की आवश्यकता नहीं है, बल्कि नाटो को अमेरिका की अधिक आवश्यकता है।
इसके अलावा, ट्रंप ने इजरायल और लेबनान के बीच हाल ही में हुए युद्धविराम को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि अमेरिका का ईरान के साथ समझौता क्षेत्र में स्थिरता लाएगा और लेबनान को मजबूत करेगा।
ईरान के फैसले पर ट्रंप की टिप्पणी
ट्रंप ने ईरान के हालिया निर्णय को ऐतिहासिक बताया, जिसमें होर्मुज जलडमरूमध्य को व्यापारिक जहाजों के लिए खोलने की घोषणा की गई। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने अपनी नौसेना की ताकत का उपयोग करते हुए इस क्षेत्र में दबाव बनाया।
उन्होंने यह भी कहा कि ईरान का परमाणु कार्यक्रम अब नियंत्रण में है और अमेरिका ने इस पर कड़ी निगरानी रखी है। ट्रंप ने दावा किया कि ईरान अब किसी भी प्रकार के परमाणु हथियार का निर्माण नहीं कर सकेगा।
ईरान की समुद्री बारूदी सुरंगें
ट्रंप ने यह भी बताया कि ईरान ने अमेरिका की मदद से समुद्री बारूदी सुरंगों को हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।