दिल्ली में BRICS शिखर सम्मेलन: वैश्विक नेताओं की होगी मौजूदगी
दिल्ली में BRICS शिखर सम्मेलन का आयोजन
नई दिल्ली: भारत इस वर्ष BRICS की अध्यक्षता कर रहा है, जिसके तहत 18वें BRICS शिखर सम्मेलन का आयोजन दिल्ली में किया जाएगा। यह महत्वपूर्ण बैठक 12 और 13 सितंबर को भारत मंडपम में होगी। सम्मेलन में BRICS सदस्य देशों के शीर्ष नेता, साझेदार देशों के प्रतिनिधि और अन्य आमंत्रित देशों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है।
प्रमुख नेताओं की उपस्थिति की उम्मीद
पुतिन और शी जिनपिंग की संभावित उपस्थिति
इस BRICS समिट में कई प्रमुख वैश्विक नेता शामिल हो सकते हैं। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के सम्मेलन में भाग लेने की उम्मीद है। इसके अलावा, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान भी भारत आने की संभावना है।
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के भी सम्मेलन में शामिल होने की संभावना है। विदेश मंत्रालय के अनुसार, सदस्य देशों के राष्ट्राध्यक्षों के साथ-साथ साझेदार देशों के नेताओं और अन्य देशों के प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया गया है।
BRICS समिट का महत्व
20 साल का जश्न
दिल्ली में होने वाला यह सम्मेलन BRICS के लिए विशेष महत्व रखता है, क्योंकि संगठन अपने गठन के 20 वर्ष पूरे कर रहा है। 2006 में ब्राजील, रूस, भारत और चीन ने संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक के दौरान BRIC समूह की स्थापना की थी। 2009 में रूस के येकातेरिनबर्ग में इसका पहला औपचारिक शिखर सम्मेलन आयोजित हुआ। 2010 में दक्षिण अफ्रीका के शामिल होने के बाद BRIC का नाम BRICS हो गया।
BRICS का विस्तार
अब 11 सदस्य देशों का समूह
BRICS का विस्तार हाल के वर्षों में तेजी से हुआ है। वर्तमान में, समूह में भारत, रूस, चीन, ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका के अलावा मिस्र, इथियोपिया, ईरान, UAE, सऊदी अरब और इंडोनेशिया शामिल हैं। इसके साथ ही BRICS में साझेदार देशों की एक अलग श्रेणी भी बनाई गई है।
दिल्ली में होने वाला यह शिखर सम्मेलन वैश्विक अर्थव्यवस्था, सहयोग और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर सदस्य देशों के बीच चर्चा के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भारत की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक पर पूरी दुनिया की नजरें रहेंगी।