नमो भारत ट्रेन: करनाल से दिल्ली का सफर अब होगा आसान
करनाल से दिल्ली के लिए नई ट्रेन सेवा
करनाल, पानीपत, सोनीपत, रेवाड़ी और गुरुग्राम क्षेत्र के लाखों दैनिक यात्रियों के लिए नमो भारत ट्रेन का सपना अब साकार होने जा रहा है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में सार्वजनिक परिवहन को गति देने के लिए करनाल-दिल्ली और बावल-दिल्ली रैपिड रेल कॉरिडोर को सार्वजनिक निवेश बोर्ड द्वारा स्वीकृति मिल गई है। इस निर्णय के बाद, फाइल केंद्रीय मंत्रिमंडल के पास अंतिम मंजूरी के लिए जाएगी, जिसके तुरंत बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। करनाल और बावल जैसे औद्योगिक केंद्रों के लिए यह परियोजना एक महत्वपूर्ण बदलाव लाने वाली है।
90 मिनट में करनाल से दिल्ली की यात्रा
90 मिनट में करनाल से दिल्ली का सफर
136 किलोमीटर लंबे करनाल-दिल्ली कॉरिडोर के शुरू होने से जीटी रोड पर यातायात का दबाव काफी कम होगा। यह ट्रेन करनाल से शुरू होकर मुरथल और कुंडली जैसे महत्वपूर्ण स्थानों से होते हुए दिल्ली पहुंचेगी। इस रूट पर कुल 17 स्टेशन बनाने की योजना है, जिससे न केवल आम यात्री बल्कि कुंडली और सोनीपत के औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिकों को भी तेज यात्रा का विकल्प मिलेगा। वर्तमान में, बस या निजी वाहन से इस दूरी को तय करने में 3 से 4 घंटे लगते हैं, जो अब घटकर केवल डेढ़ घंटे रह जाएगा।
बावल-गुरुग्राम क्षेत्र को मिलेगा नया रफ्तार
बावल-गुरुग्राम बेल्ट को मिलेगा रफ्तार का बूस्टर
दूसरी ओर, 93 किलोमीटर लंबा बावल-दिल्ली कॉरिडोर रेवाड़ी जिले के बावल औद्योगिक क्षेत्र को सीधे दिल्ली से जोड़ेगा। यह रूट धारूहेड़ा, पंचगांव, मानेसर और गुरुग्राम जैसे बड़े वाणिज्यिक केंद्रों से होकर गुजरेगा। इस कॉरिडोर पर 13 स्टेशन प्रस्तावित हैं और अनुमान है कि बावल से दिल्ली की दूरी महज 60 मिनट में पूरी हो जाएगी। मानेसर और गुरुग्राम में काम करने वाले हजारों युवाओं के लिए यह ट्रेन यात्रा की थकान को कम करने और समय बचाने का एक बेहतरीन साधन बनेगी।
रोहतक और पलवल तक विस्तार की योजना
रोहतक और पलवल तक फैलेगा जाल
हरियाणा मास रैपिड ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (HMRTC) के प्रबंध निदेशक चंद्रशेखर खरे ने बताया कि प्रोजेक्ट आवंटन के बाद इसे 4 साल के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार की योजना केवल इन्हीं दो रूट्स तक सीमित नहीं है। भविष्य में नमो भारत ट्रेन का विस्तार दिल्ली से बहादुरगढ़ होते हुए रोहतक तक और फरीदाबाद-बल्लभगढ़ से पलवल तक करने की योजना बनाई गई है। इन परियोजनाओं से हरियाणा के प्रमुख शहरों की दिल्ली से कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव आएगा और रियल एस्टेट तथा व्यापार क्षेत्र को भी मजबूती मिलेगी।