पवन खेड़ा ने भाजपा पर साधा निशाना, चीन के साथ संबंधों पर उठाए सवाल
पवन खेड़ा की प्रेस कॉफ्रेंस में भाजपा पर आरोप
नई दिल्ली। कांग्रेस के नेता पवन खेड़ा ने आज पार्टी कार्यालय में एक प्रेस कॉफ्रेंस का आयोजन किया, जिसमें उन्होंने भाजपा सरकार पर तीखे हमले किए। उन्होंने कहा कि भाजपा ने गिरगिट को भी रंग बदलना सिखा दिया है। जिन लोगों को चीन को 'लाल आंखें' दिखानी थीं, उनके लिए भाजपा ने 'लाल कारपेट' बिछा दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने चीन की कम्युनिस्ट पार्टी (CPC) के साथ बैठक की है। जब भाजपा सत्ता में नहीं थी, तब भी वे चीन जाकर मिलते थे, और आरएसएस के लोग वहां प्रशिक्षण लेते थे। हमें इस बात से कोई आपत्ति नहीं है कि कोई राजनीतिक दल किसी अन्य देश के दल से संवाद करे, लेकिन भाजपा के ढोंग और मक्कारी से हमें समस्या है। भाजपा ने वर्षों तक कांग्रेस पर MoU साइन करने का आरोप लगाया, और अब खुद मीटिंग कर रही है। हमें भाजपा की नीयत पर संदेह है, क्योंकि इन बंद दरवाजों के पीछे होने वाली बैठकों का देश को भारी खामियाजा भुगतना पड़ता है।
पवन खेड़ा ने आगे कहा कि भाजपा ने अपने मुख्यालय में चीन की पार्टी CPC के साथ बैठक की है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या उन मुद्दों पर चर्चा हुई, जिनमें चीन ने हमारे हितों को नुकसान पहुंचाया है? क्या गलवान, लद्दाख और अरुणाचल प्रदेश पर बात हुई? भाजपा के साथ बैठक के बाद चीन ने कश्मीर की शक्सगाम वैली को अपना हिस्सा बताया, क्या इस पर चर्चा हुई? एक वरिष्ठ सैन्य अधिकारी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान चीन पाकिस्तान की मदद कर रहा था, तो क्या इस पर भी बात हुई? चीन ने HQ-9 एयर डिफेंस सिस्टम तैनात किए हैं और पाकिस्तान को PL-15 मिसाइलें दी हैं, जो भारत को निशाना बना रही हैं। फिर भी, चीन की शर्तों को मानते हुए मानसरोवर यात्रा क्यों शुरू की गई?
उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की विदेश नीति 'डांवाडोल' है। जब चीन ने दबाव डाला, तो अमेरिका के पास चले गए, और जब अमेरिका ने कुछ कहा, तो फिर चीन के पास। सरकार को समझना चाहिए कि यह विदेश नीति है, बच्चों का खेल नहीं। मोदी सरकार जनता को कहती है कि चीन का सामान न खरीदें, लेकिन खुद इलेक्ट्रॉनिक सेक्टर में चीन के निवेश की मांग करती है। जब नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तब उन्होंने स्कूलों में चीनी भाषा Mandarin सीखने का समर्थन किया था।
पवन खेड़ा ने यह भी पूछा कि आखिर नरेंद्र मोदी का चीन से क्या संबंध है? वे हमें कहते हैं कि चीन से झालर न खरीदें, लेकिन खुद Dongfang नाम की चीनी कंपनी से स्मार्ट मीटर खरीदते हैं। चीन हमारे देश के मैप बदलता है, और सरकार उनके ऐप्स पर प्रतिबंध लगा देती है। चीन हमारे फर्टिलाइजर रोक देता है और रेयर अर्थ मेटल बेचना बंद कर देता है, जिससे देश को नुकसान उठाना पड़ता है। गलवान में हमारे 20 जवान शहीद हुए, लेकिन नरेंद्र मोदी को कोई फर्क नहीं पड़ा। दुनिया जान चुकी है कि भारत जैसे बहादुर देश में एक ऐसा व्यक्ति प्रधानमंत्री बन गया है, जो डरने पर डर जाता है और सामने वाले को क्लीन चिट दे देता है। नरेंद्र मोदी एक ऐसे प्रधानमंत्री हैं, जो तारीफ करने पर गुलामी करने लगते हैं, और जब कोई डराए, तो हाथ बांधकर और सिर झुकाकर खड़े हो जाते हैं। पहले ये बातें एक राज थीं, लेकिन अब पूरे देश को पता चल चुकी हैं।