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प्रधानमंत्री मोदी ने छात्रों को पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों के लिए एक वीडियो संदेश में पेपर लीक की गंभीरता को स्वीकार किया और इस पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि कैबिनेट बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की जाएगी। मोदी ने कहा कि सरकार ने पिछले ढाई महीनों में कई पेपर लीक मामलों में दोषियों को गिरफ्तार किया है और छात्रों का एक साल बर्बाद न हो, इसके लिए 22 लाख छात्रों की परीक्षाएं आयोजित की गईं। इसके अलावा, फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित करने का प्रस्ताव भी है।
 

प्रधानमंत्री का वीडियो संदेश


नई दिल्ली: जंतर मंतर पर चल रहे प्रदर्शन के बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों के लिए एक वीडियो संदेश जारी किया। उन्होंने कहा कि पेपर लीक एक गंभीर समस्या है, जो लाखों छात्रों और उनके परिवारों को प्रभावित करती है। पीएम ने स्पष्ट किया कि इस मामले में और कठोर कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए बताया कि कल होने वाली कैबिनेट बैठक में पेपर लीक के खिलाफ सख्त कदम उठाने पर चर्चा की जाएगी।


छात्रों के भविष्य पर प्रभाव

पीएम मोदी ने छात्रों को बताया, “पेपर लीक से युवाओं का भविष्य प्रभावित होता है।” उन्होंने कहा कि पिछले ढाई महीनों में कई पेपर लीक की घटनाएं सामने आई हैं। सरकार ने दोषियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार का प्राथमिक कर्तव्य था कि छात्रों का एक साल बर्बाद न हो, इसलिए बहुत कम समय में लगभग 22 लाख छात्रों की परीक्षाएं आयोजित की गईं। 19 तारीख को परिणाम भी घोषित किए गए और सफल छात्रों की खुशी की खबरें आ रही हैं। यहां देखें वीडियो-


More strict actions against paper leaks to come in tomorrow’s Cabinet! pic.twitter.com/NRysBukk5U

— Narendra Modi (@narendramodi) July 23, 2026



फास्ट ट्रैक कोर्ट और सख्त सजा

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सरकार केवल सीमित कार्रवाई से संतुष्ट नहीं होगी। उन्होंने बताया कि पेपर लीक के मामलों को तेजी से निपटाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। संबंधित विभागों ने रात भर काम करके इसका मसौदा तैयार कर लिया है। पीएम ने कहा कि इस प्रस्ताव में दोषियों के लिए कड़ी सजा का प्रावधान भी शामिल है।


इस मसौदे पर शुक्रवार को कैबिनेट में चर्चा होगी और मंत्रियों के सुझाव के बाद इसे अंतिम रूप दिया जाएगा। सरकार का प्रयास है कि इस बिल को जल्द से जल्द संसद में पेश कर पास कराया जाए। इसी बीच, सरकार ने उच्च शिक्षा विभाग में बड़ा बदलाव किया है। वरिष्ठ आईएएस अधिकारी विनीत जोशी को हटाकर पंचायती राज मंत्रालय भेजा गया है। उनकी जगह नरेश पाल गंगवार को नया सचिव नियुक्त किया गया है।