बिहार में मंत्रिमंडल गठन की तैयारियाँ तेज, नई शपथ की तारीखें तय
बिहार की मौजूदा सरकार की स्थिति
बिहार में फिलहाल केवल तीन मंत्रियों की सरकार कार्यरत है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के पास 29 विभागों का प्रभार है। भाजपा के कोटे से अभी तक किसी मंत्री ने शपथ नहीं ली है। जनता दल यू के हिस्से से केवल दो उपमुख्यमंत्रियों ने शपथ ग्रहण किया है। पहले यह अनुमान लगाया जा रहा था कि 29 अप्रैल को पश्चिम बंगाल में मतदान समाप्त होने के बाद 30 अप्रैल को मंत्रिमंडल का गठन किया जाएगा। लेकिन अब यह कहा जा रहा है कि बिहार में मंत्रिमंडल का गठन चार मई को चुनाव परिणाम आने के बाद होगा। संभावित तिथि छह मई बताई जा रही है। इस बीच, मंत्रिमंडल गठन को लेकर गतिविधियाँ तेज हो गई हैं।
मुख्यमंत्री की दिल्ली यात्रा
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शपथ लेने के बाद पहली बार दिल्ली का दौरा किया, जहाँ उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की। इसके बाद, पटना में उनकी नीतीश कुमार से दो बार बातचीत हो चुकी है। केंद्रीय मंत्री ललन सिंह भी एक बैठक में शामिल थे।
जनता दल यू की संभावित मंत्रियों की सूची
सूत्रों के अनुसार, जनता दल यू की मंत्रियों की सूची पहले से तैयार है, जिसे 15 अप्रैल को भाजपा को सौंपा गया था। हालांकि, इसमें कुछ बदलाव की संभावना है। चर्चा है कि टीम निशांत में जिन नए चेहरों की बात हो रही थी, उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किया जाएगा। जनता दल यू के पुराने सभी मंत्री फिर से शामिल हो सकते हैं। पिछले बार, जनता दल यू ने केवल नौ मंत्रियों का गठन किया था, जबकि उनके कोटे की छह पदें खाली थीं। भाजपा में सभी मंत्री फिर से नहीं होंगे। पिछले साल 20 नवंबर को मंत्री बने कुछ लोगों को इस बार मौका नहीं मिलेगा। दोनों प्रमुख पार्टियाँ नए चेहरों को शामिल करने पर विचार कर रही हैं। अन्य सहयोगी पार्टियों के चेहरे नहीं बदलेंगे, जैसे लोजपा से संजय सिंह, रालोमो से दीपक प्रकाश और हम से संतोष सुमन फिर से मंत्री बनेंगे।