बिहार में मुख्यमंत्री पद के लिए बीजेपी के चार प्रमुख दावेदार
बिहार में सत्ता परिवर्तन की नई कहानी
पटना। बिहार में हाल ही में राजनीतिक बदलाव की एक नई कहानी लिखी गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्यसभा जाने का निर्णय लिया है, जिसे उन्होंने सोशल मीडिया पर साझा किया। इस बदलाव के साथ, बिहार में पहली बार बीजेपी का मुख्यमंत्री बनने जा रहा है, लेकिन सवाल यह है कि यह सम्मान किस नेता को मिलेगा?
बीजेपी ने हमेशा अपने निर्णयों से राजनीतिक विश्लेषकों को चौंकाया है, और वर्तमान स्थिति में कई प्रमुख नेताओं के नाम मुख्यमंत्री पद के लिए चर्चा में हैं। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पटना पहुंच चुके हैं, और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन भी नीतीश कुमार के राज्यसभा नामांकन के समय मौजूद रहेंगे। नीतीश कुमार ने पटना से दिल्ली जाने का निर्णय लिया है, जिससे बिहार में सत्ता हस्तांतरण की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। अब यह देखना है कि बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा और उपमुख्यमंत्री की भूमिका किसे सौंपी जाएगी।
मुख्यमंत्री पद के लिए बीजेपी के संभावित चेहरे
सीएम की रेस में बीजेपी के कौन नेता?
बीजेपी की ओर से मुख्यमंत्री पद के लिए दिलीप जायसवाल, सम्राट चौधरी, संजीव चौरसिया और केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय के नाम चर्चा में हैं। इसके अलावा और भी कई नामों पर विचार किया जा रहा है, लेकिन यह पहली बार होगा जब बिहार में बीजेपी का मुख्यमंत्री बनेगा।
एनडीए के भीतर सबसे अधिक चर्चा इस बात पर है कि यदि मुख्यमंत्री पद बीजेपी के पास जाता है, तो पार्टी किस चेहरे पर दांव लगाएगी। फिलहाल कई नामों पर विचार चल रहा है, लेकिन उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को इस रेस में सबसे आगे माना जा रहा है। सम्राट चौधरी ओबीसी वर्ग के कुशवाहा समाज से आते हैं और उन्होंने संगठन और सरकार दोनों स्तर पर अपनी स्थिति को मजबूत किया है। पिछले दो वर्षों में, उन्होंने नीतीश कुमार के साथ काम करने का अनुभव भी प्राप्त किया है, जिससे उन्हें प्रशासनिक और राजनीतिक दृष्टि से सबसे मजबूत दावेदार माना जा रहा है।
नित्यानंद राय का नाम भी चर्चा में
दूसरा प्रमुख नाम केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय
बीजेपी में मुख्यमंत्री पद के लिए केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय का नाम भी प्रमुखता से लिया जा रहा है। नित्यानंद राय ओबीसी के यादव समाज से आते हैं और पिछले छह वर्षों से केंद्र में गृहमंत्री अमित शाह के अधीन काम कर रहे हैं। यदि बीजेपी यादव समुदाय को बड़ा संदेश देना चाहती है, तो नित्यानंद राय एक रणनीतिक विकल्प हो सकते हैं।
दिलीप जायसवाल और संजीव चौरसिया के नाम भी
सीएम की दौड़ में दिलीप जायसवाल का नाम भी चर्चा में है। वे ईबीसी वैश्य समुदाय से आते हैं और यदि बीजेपी ओबीसी को नहीं चुनती है, तो दिलीप जायसवाल एक विकल्प हो सकते हैं। वहीं, पटना की दीघा विधानसभा सीट से विधायक संजीव चौरसिया का नाम भी सामने आ रहा है। उन्हें पटना क्षेत्र में मजबूत संगठनात्मक पकड़ वाला नेता माना जाता है।