मायावती ने आकाश आनंद की वापसी पर दी सफाई, कहा- अब पार्टी से नहीं निकालेंगे
आकाश आनंद की बसपा में वापसी
आकाश आनंद की बसपा में वापसी: बसपा की प्रमुख मायावती ने अपने भतीजे आकाश आनंद को पार्टी में पुनः शामिल करने और उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपने पर स्पष्टीकरण दिया है। उन्होंने मंगलवार को कहा कि आकाश ने शादी से पहले कभी कोई शिकायत नहीं की। अब जब आकाश के ससुर अशोक सिद्धार्थ ने संन्यास लिया है, तो पार्टी से उन्हें निकालने की कोई आवश्यकता नहीं है।
पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने दिसंबर 2023 में आकाश आनंद को अपना राजनीतिक उत्तराधिकारी घोषित किया था। हालाँकि, पिछले कुछ महीनों में उन्हें कई बार पार्टी से बाहर किया गया था, लेकिन बाद में उनकी वापसी भी हुई। इसी क्रम में, मायावती ने सोमवार को आकाश को फिर से पार्टी में शामिल किया और उन्हें राष्ट्रीय संयोजक का पद सौंपा। इस पर कई सवाल उठे थे, जिनका जवाब अब मायावती ने दिया है।
मायावती ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर कहा, "जैसा कि आप जानते हैं, श्री आकाश आनंद को कल बी.एस.पी. में वापस लिया गया है और उन्हें पार्टी का राष्ट्रीय संयोजक बनाया गया है। लेकिन मीडिया में इस बात को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया गया है कि उन्हें चार बार पार्टी से निकाला गया और अब वापस लाया गया है। मैं यह स्पष्ट करना चाहती हूँ कि आकाश की शादी से पहले वे पार्टी में सक्रिय थे, इसलिए उन्हें कभी नहीं निकाला गया।"
उन्होंने आगे कहा, "हालांकि, उनके रिश्ते के कारण कुछ समस्याएँ उत्पन्न हुईं, जिसके चलते उन्हें पार्टी से निकालना पड़ा। लेकिन अब मुझे विश्वास है कि अशोक सिद्धार्थ के संन्यास के बाद ऐसी कोई स्थिति नहीं बनेगी कि उन्हें फिर से पार्टी से बाहर किया जाए।"
1. जैसा कि यह विदित है कि श्री आकाश आनन्द को कल बी.एस.पी. में वापिस लेकर व पार्टी का पुनः राष्ट्रीय संयोजक बनाकर इनको पार्टी के कार्यो में लगा दिया है।
2. लेकिन आज अधिकांशः मीडिया में इस बात को काफी बढ़ा-चढ़ाकर लिखा है कि श्री आकाश आनन्द को चार बार पार्टी से निकालकर अब पुनः पार्टी में वापिस ले लिया है और इनको फिर से पार्टी का राष्ट्रीय संयोजक बना दिया है।
3. जबकि इस सम्बन्ध में इनको मैं यह भी अवगत कराना चाहती हूँ कि श्री आकाश आनन्द की शादी होने से पहले ही वे पार्टी में काफी सक्रिय भूमिका निभा रहे थे, जिसकी वजह से इनको पार्टी से कभी भी नहीं निकाला गया है।
4. लेकिन इनका रिश्ता श्री अशोक सिद्धार्थ के साथ होने के बाद से फिर इन्होंने अपने ख़ुद के स्वार्थ मे श्री आकाश आनन्द की इमेज को काफी कुछ ख़राब करने का प्रयास किया है।
* जिसके कारण फिर श्री आकाश आनन्द में सुधार लाने के ख़ास उद्देश्य से इनको पार्टी से कई बार निकालना भी पड़ा है और ग़लती का एहसास होने के बाद फिर इनको वापिस भी लेना पड़ा है।
5. लेकिन मुझे पूरा भरोसा है कि श्री अशोक सिद्धार्थ के संन्यास लेने के बाद से अब ऐसी कोई भी स्थिति पैदा नहीं होनी चाहिये कि पार्टी को फिर से इनको अलग करना पडे़।
6. अर्थात् जिस प्रकार से इन्होंने शादी से पहले पार्टी को कभी भी कोई शिकायत का मौक़ा नहीं दिया है, जिसके कारण इनको कभी भी पार्टी से निकालना नहीं पड़ा है और अब श्री अशोक सिद्धार्थ के संन्यास लेने के बाद तो कोई सवाल ही पैदा नहीं होता है कि इनको अब आगे कभी भी पार्टी से निकालने की ज़रूरत पडे़गी और अब वे राजनीति में आगे ही बढ़ेंगे, ऐसी सभी को पूरी-पूरी उम्मीद भी है।
7. इसलिए मीडिया को यह सब सच्चाई को उजागर करते हुये तब इनके बारे में पार्टी से कई बार निकालने का उल्लेख करना चाहिये तो यह बेहतर होगा।— Mayawati (@Mayawati) October 6, 2026
उन्होंने कहा, "इस प्रकार, आकाश ने शादी से पहले पार्टी में कभी कोई शिकायत नहीं की, जिसके कारण उन्हें कभी भी पार्टी से बाहर नहीं किया गया। अब जब अशोक सिद्धार्थ ने संन्यास लिया है, तो पार्टी से उन्हें निकालने की कोई आवश्यकता नहीं है और वे राजनीति में आगे बढ़ेंगे, ऐसी उम्मीद है। इसलिए मीडिया को सच्चाई को उजागर करना चाहिए।"