मिडिल ईस्ट में तनाव: हूती विद्रोहियों के हमले से सऊदी अरब में इमरजेंसी अलर्ट
हूती विद्रोहियों का बड़ा हमला
रियाद: मिडिल ईस्ट में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के साथ-साथ इजरायल और लेबनान के बीच भी स्थिति गंभीर हो गई है। अब यमन के ईरान समर्थित हूती विद्रोही सऊदी अरब के खिलाफ सक्रिय हो गए हैं। हाल ही में, हूती विद्रोहियों ने दक्षिण-पश्चिमी सऊदी अरब में ड्रोन और बैलिस्टिक मिसाइलों से एक बड़ा हमला किया, जिसमें खमीस मुशैत के सैन्य एयरबेस को निशाना बनाया गया। इस हमले में 13 लोग घायल हुए हैं और सात मकान नष्ट हो गए हैं। कई वाहनों को भी नुकसान पहुंचा है।
सऊदी अरब का कहना है कि यह हमला यमन में उनके द्वारा किए गए हवाई हमलों का प्रतिशोध है। हालांकि, फिलहाल हमले का खतरा टल गया है, लेकिन खमीस मुशैत, आभा, ताइफ, जेद्दा और जाजान जैसे कई शहरों में इमरजेंसी अलर्ट जारी किया गया है।
इससे पहले, 14 सितंबर को हूती विद्रोहियों ने आभा, खमीस मुशैत और ताइफ जैसे नागरिक क्षेत्रों को निशाना बनाया था। इसके जवाब में, सऊदी अरब ने यमन में हूती ठिकानों पर हवाई हमले किए, जिसमें विमान हैंगर, रडार सिस्टम, रनवे और गोला-बारूद डिपो को लक्ष्य बनाया गया।
हूती विद्रोहियों के हमलों ने सऊदी अरब की ईस्ट-वेस्ट ऑयल पाइपलाइन को भी प्रभावित किया है, जिसके कारण इसे बंद करना पड़ा है। इस पाइपलाइन की मरम्मत में तीन से पांच सप्ताह का समय लग सकता है। यदि यह लंबे समय तक बंद रहती है, तो वैश्विक तेल आपूर्ति में लगभग 4 प्रतिशत की कमी आ सकती है, जिससे कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि की संभावना है।
सऊदी अरब ने हूती विद्रोहियों के हमलों का जवाब देते हुए यमन के पश्चिमी तट और मोचा पोर्ट के आसपास स्थित हूती ठिकानों पर बमबारी की है। हूती विद्रोहियों का दावा है कि सऊदी अरब ने 24 घंटे के भीतर यमन के विभिन्न क्षेत्रों में 54 हवाई हमले किए। हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सरी के अनुसार, सऊदी वायुसेना ने एफ-15 और टाइफून लड़ाकू विमानों से ताइज, लहज, जौफ, मारिब और होदेइदा में हूती ठिकानों को निशाना बनाया।
इस बीच, सऊदी अरब ने हूती विद्रोहियों के खिलाफ अमेरिका से सहायता मांगी है। सूत्रों के अनुसार, अमेरिका ने अब तक सऊदी अरब की प्रत्यक्ष सैन्य हस्तक्षेप की मांग को स्वीकार नहीं किया है, लेकिन वह सऊदी अरब को खुफिया सहायता प्रदान कर रहा है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि हूतियों ने अमेरिका से इस संघर्ष से दूर रहने का अनुरोध किया है। वहीं, सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने जेद्दा में अमेरिकी क्षेत्रीय कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर से मुलाकात कर वर्तमान स्थिति पर चर्चा की है।