योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश घुमन्तू विकास बोर्ड का किया गठन
मुख्यमंत्री का आभार ज्ञापन कार्यक्रम में संबोधन
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लखनऊ में 'उत्तर प्रदेश घुमन्तू विकास बोर्ड' के गठन के अवसर पर विमुक्त एवं घुमन्तू समाज द्वारा आयोजित आभार ज्ञापन समारोह में भाग लिया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि 'सबका साथ, सबका विकास' का सिद्धांत समाज के सभी वर्गों के उत्थान और सम्मान का आधार है। डबल इंजन सरकार जाति, क्षेत्र और भाषा के भेदभाव से ऊपर उठकर हर योग्य व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि घुमन्तू जातियों के साथ-साथ अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के बच्चों के लिए सरकार ने आश्रम पद्धति विद्यालय स्थापित किए हैं, जहां उन्हें आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ आवास और भोजन की मुफ्त सुविधाएं भी प्रदान की जाती हैं।
उन्होंने कहा कि विमुक्त जातियों को कोई 'Criminal Tribe' नहीं कह सकता। ये वे समुदाय हैं जिन्होंने भारत के स्वतंत्रता संग्राम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। डबल इंजन सरकार स्वतंत्रता सेनानियों को वह सम्मान देने के लिए कार्यरत है, जो उन्हें मिलना चाहिए था।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि वनटांगिया गांवों को पहली बार राजस्व गांव के रूप में मान्यता दी गई है। अब वहां के लोग समाज की मुख्यधारा से जुड़ चुके हैं। मुसहर समाज को भी शासन की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिया गया है। थारू, गोंड, चेरो, बुक्सा, कोल और सहरिया जैसी जनजातियों को भी डबल इंजन सरकार ने योजनाओं से आच्छादित किया है।
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से कहा था कि शासन की योजनाओं का लाभ बिना किसी भेदभाव के समाज के सभी वर्गों तक पहुंचेगा। 'सबका साथ, सबका विकास' का यही सिद्धांत आज समाज के हर वर्ग के उत्थान का आधार बना है और इसी यात्रा की नई कड़ी है 'उत्तर प्रदेश घुमन्तू विकास बोर्ड'।