राहुल गांधी ने झारखंड में छात्रों के प्रदर्शन पर सरकार से की बातचीत की अपील
झारखंड में छात्रों पर पुलिस कार्रवाई पर राहुल गांधी की प्रतिक्रिया
नई दिल्ली। झारखंड में जेपीएससी और जेएसएससी भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस की कार्रवाई को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोमवार को अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग करना गलत है और राज्य सरकार को छात्रों की समस्याओं को सुनकर बातचीत के माध्यम से समाधान निकालना चाहिए।
‘झारखंड सरकार को छात्रों की बात सुननी चाहिए’
राहुल गांधी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के माध्यम से झारखंड सरकार से अपील की कि वह प्रदर्शनकारी छात्रों की समस्याओं को सुने और उनका त्वरित समाधान करे। उन्होंने कहा कि छात्रों को शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने का अधिकार है और संवाद के माध्यम से ही समस्याओं का समाधान संभव है।
झारखंड में विरोध-प्रदर्शन कर रहे छात्रों के ख़िलाफ़ बल का इस्तेमाल ग़लत है।
छात्रों को शांतिपूर्ण विरोध का अधिकार है और बातचीत से ही समाधान निकल सकता है।
झारखंड सरकार को इन छात्रों की बात सुननी चाहिए और हर समस्या का तुरंत समाधान करना चाहिए।
The use of force against students…
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) August 10, 2026
छात्रों की मांगों का समर्थन
राहुल गांधी ने पहले भी झारखंड में आंदोलन कर रहे छात्रों की मांगों का समर्थन किया था। उन्होंने फोन पर छात्रों से बात कर उनकी समस्याओं को समझा और उनकी मांगों के प्रति समर्थन व्यक्त किया।
झारखंड सरकार का पक्ष
झारखंड सरकार की मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने छात्र आंदोलन और पुलिस कार्रवाई पर सरकार का पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि झारखंड में जंतर-मंतर जैसी स्थिति नहीं बनी है और सरकार ने छात्रों के आंदोलन से पहले ही कार्रवाई शुरू कर दी थी। उन्होंने कहा कि सीआईडी जांच, गिरफ्तारियों और अन्य साक्ष्यों के आधार पर विस्तृत जांच जारी है।
दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भर्ती व्यवस्था में सुधार पर ध्यान दे रहे हैं। उन्होंने छात्रों को आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। मंत्री ने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह छात्र आंदोलन को राजनीतिक रंग दे रही है। उन्होंने कहा कि सरकार संवाद के माध्यम से समस्याओं का समाधान चाहती है।
उन्होंने यह भी कहा कि कई छात्रों ने माना है कि उनकी प्रमुख मांगों पर राज्य सरकार ने सकारात्मक कदम उठाए हैं। मंत्री ने कहा कि विधानसभा के मौजूदा सत्र में भी सरकार छात्रों के मुद्दों को गंभीरता से ले रही है।