सुप्रीम कोर्ट से राहुल गांधी को मिली बड़ी राहत, मानहानि मामले में रोक
राहुल गांधी को मिली कानूनी राहत
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ की गई विवादास्पद टिप्पणियों से जुड़े मानहानि मामले में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को सुप्रीम कोर्ट से महत्वपूर्ण कानूनी राहत मिली है। शीर्ष अदालत ने मंगलवार को इस मामले में निचली अदालत में चल रही आपराधिक कार्यवाही पर अंतरिम रोक लगाने का आदेश दिया है। यह मामला 2018-19 के दौरान प्रधानमंत्री के बारे में दिए गए बयानों से संबंधित है, जिसमें राहुल गांधी ने 'कमांडर इन थीफ' और 'चोरों के सरदार' जैसे शब्दों का उपयोग किया था।
जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस अपरेश कुमार सिंह का आदेश
जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस अपरेश कुमार सिंह की पीठ ने राहुल गांधी द्वारा बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ दायर विशेष अनुमति याचिका (SLP) पर सुनवाई करते हुए यह अंतरिम निर्देश जारी किया। इससे पहले, बॉम्बे हाईकोर्ट ने राहुल गांधी के खिलाफ निचली अदालत में चल रही मानहानि की प्रक्रिया को रद्द करने से इनकार कर दिया था, जिसके बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का सहारा लिया। अब सुप्रीम कोर्ट ने शिकायतकर्ता पक्ष को औपचारिक नोटिस जारी करते हुए अपना पक्ष रखने के लिए चार सप्ताह का समय दिया है।
चार सप्ताह में जवाब देने का आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि संबंधित पक्षों को अपना जवाब दाखिल करने के लिए चार सप्ताह का नोटिस दिया जाता है। अदालत ने यह भी कहा कि जब तक इस मामले की अगली सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में नहीं होती, तब तक निचली अदालत में चल रही सभी कार्यवाहियों पर पूरी तरह रोक रहेगी। इस कानूनी राहत के कारण राहुल गांधी को ट्रायल कोर्ट में व्यक्तिगत पेशी और आगे की कानूनी औपचारिकताओं से फिलहाल सुरक्षा मिल गई है।