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हरियाणा में किसान आंदोलन के लिए पुलिस की तैयारियां, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत

हरियाणा में 11 अप्रैल को प्रस्तावित किसान धरना-प्रदर्शन के मद्देनजर पुलिस ने सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा की है। पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सूचना तंत्र को सक्रिय रखें और धरना स्थलों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करें। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष रणनीतियाँ बनाई गई हैं, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था को रोका जा सके। जानें इस संबंध में और क्या तैयारियां की गई हैं।
 

पुलिस की तैयारी और रणनीति

चंडीगढ़/चन्द्र शेखर धरणी : संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा 11 अप्रैल को आयोजित धरना-प्रदर्शन को लेकर हरियाणा पुलिस पूरी तरह से सतर्क है। पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रदेश के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा की।


डीजीपी अजय सिंघल ने बताया कि किसान संगठनों द्वारा प्रस्तावित जाम के दौरान कुछ शरारती तत्व माहौल को बिगाड़ने की कोशिश कर सकते हैं, इसलिए पहले से ठोस योजना बनाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था को प्रारंभिक स्तर पर ही नियंत्रित करना पुलिस की प्राथमिकता होगी, ताकि प्रदेश में शांति और कानून व्यवस्था बनी रहे। सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सूचना तंत्र को सक्रिय रखें और जहां धरना-प्रदर्शन की संभावना है, वहां पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करें।


कानून व्यवस्था की सुरक्षा

कानून व्यवस्था से खिलवाड़ नहीं किया जाएगा बर्दाश्त –
डीजीपी ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण प्रदर्शन सभी का अधिकार है, लेकिन कानून व्यवस्था से किसी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आमजन को असुविधा से बचाने के लिए यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने के निर्देश दिए। विशेष रूप से ट्रैफिक डायवर्जन प्लान तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि प्रमुख मार्गों, हाईवे और टोल प्लाजा पर अतिरिक्त निगरानी रखी जा सके। मंडियों में फसल आवागमन को बाधित न होने देने के लिए विशेष इंतजाम किए जाएंगे।


धरना स्थलों पर सुरक्षा बल तैनात

धरना स्थलों पुलिस बल तैनात : संजय कुमार –
अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) संजय कुमार ने बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि धरना स्थलों और उनके आसपास के क्षेत्रों में पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए और शरारती तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी अप्रिय स्थिति को समय रहते रोकना पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है। एडीजीपी सीआईडी सौरभ सिंह ने अधिकारियों को किसानों के साथ संवाद बनाए रखने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बातचीत के माध्यम से कई समस्याओं का समाधान निकाला जा सकता है और इससे तनावपूर्ण स्थितियों से भी बचा जा सकता है।