शिवराज सिंह चौहान बने दादा, बेटे कार्तिकेय ने दी बेटी को जन्म
नई खुशखबरी भोपाल से
भोपाल: भारतीय राजनीति के प्रमुख नेता और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के परिवार में एक नई खुशी आई है। उनके बड़े बेटे कार्तिकेय चौहान ने पिता बनने का सुख प्राप्त किया है, जबकि बहू अमानत बंसल ने एक बेटी को जन्म दिया है। यह सुखद समाचार बुधवार को नई दिल्ली के एक निजी अस्पताल से प्राप्त हुआ। शिवराज सिंह चौहान ने इस अवसर को भावुकता के साथ साझा किया और अपने परिवार के नए सदस्य का स्वागत किया।
शिवराज का भावुक संदेश
शिवराज सिंह चौहान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें उन्होंने बताया कि उनके घर में लाडली लक्ष्मी का आगमन हुआ है। उन्होंने खुद को दादा, पत्नी साधना सिंह को दादी और परिवार के अन्य सदस्यों को नए रिश्तों से जोड़ते हुए खुशी व्यक्त की। वीडियो में शिवराज अपनी नवजात पोती के कान में गायत्री मंत्र सुनाते हुए दिखाई दिए, जो उनके समर्थकों के बीच चर्चा का विषय बन गया।
कार्तिकेय और अमानत का नया अध्याय
कार्तिकेय चौहान और अमानत बंसल का विवाह 6 मार्च 2025 को जोधपुर में हुआ था। शादी के एक साल के भीतर ही दोनों माता-पिता बन गए हैं। अमानत बंसल एक शिक्षित और आधुनिक परिवार से हैं, जिन्होंने लंदन की ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से साइकोलॉजी में M.Sc की डिग्री प्राप्त की है। यह दंपती अपने निजी जीवन में सादगी और गरिमा को बनाए रखने के लिए जाने जाते हैं।
अमानत बंसल का पारिवारिक परिचय
अमानत बंसल के पिता अनुपम बंसल एक प्रसिद्ध जूता निर्माता कंपनी Liberty के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर हैं। उनकी मां रुचिता बंसल कन्फेडरेशन ऑफ विमन एंटरप्रेन्योर्स ऑफ इंडिया के हरियाणा चैप्टर की संस्थापक हैं। इस परिवार के साथ जुड़कर चौहान परिवार का दायरा और भी मजबूत हुआ है।
राजनीति में सक्रिय कार्तिकेय चौहान
कार्तिकेय चौहान अपने पिता के मार्ग पर चलते हुए राजनीति में सक्रिय हैं। वे 2013 से शिवराज सिंह चौहान के चुनाव अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते आ रहे हैं। पार्टी में उन्हें शिवराज सिंह का राजनीतिक उत्तराधिकारी माना जाता है। संगठन और जनसंपर्क में उनकी सक्रियता लगातार बढ़ रही है और वे युवा नेतृत्व के रूप में देखे जाते हैं।
शिवराज सिंह चौहान का राजनीतिक सफर
65 वर्षीय शिवराज सिंह चौहान चार बार मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। वे 2005 से 2018 और फिर 2020 से 2023 तक राज्य के सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री बने रहे। वर्तमान में वे केंद्र सरकार में कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री हैं। इसके अलावा, वे पांच बार सांसद, भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और केंद्रीय चुनाव समिति के सदस्य भी रह चुके हैं। राजनीति के साथ-साथ परिवार के प्रति उनका भावनात्मक जुड़ाव भी हमेशा चर्चा में रहता है।