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अमृतसर में अवैध हथियारों के तस्करी गिरोह का भंडाफोड़

पंजाब के अमृतसर में सुरक्षा एजेंसियों ने एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अवैध हथियारों की तस्करी कर रहा था। इस कार्रवाई में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें एक अफगान नागरिक भी शामिल है। पुलिस ने आठ पिस्तौल और सात कारतूस बरामद किए हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह हवाला चैनलों का उपयोग कर रहा था। पुलिस अब अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की तलाश कर रही है।
 

सुरक्षा एजेंसियों की बड़ी सफलता


पंजाब के अमृतसर से सुरक्षा बलों को एक महत्वपूर्ण सफलता मिली है। कमिश्नरेट पुलिस ने एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अवैध हथियारों की तस्करी और हवाला लेनदेन के माध्यम से अपना नेटवर्क चला रहा था। इस कार्रवाई में चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें एक अफगान नागरिक भी शामिल है। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह सीमावर्ती क्षेत्रों के जरिए हथियारों की आपूर्ति कर रहा था और इसके विदेशी तत्वों से जुड़े होने की संभावना है।


जांच का लंबा सिलसिला

अमृतसर पुलिस की विशेष टीम लंबे समय से संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही थी। जांच के दौरान अधिकारियों को ऐसे संकेत मिले थे कि कुछ लोग विदेशी नेटवर्क के संपर्क में रहकर पंजाब में अवैध हथियारों की आपूर्ति कर रहे हैं। इसी आधार पर शुरू किए गए अभियान में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि इसके पीछे एक संगठित अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क सक्रिय है, जिसकी परतें अब धीरे-धीरे खुल रही हैं।


बरामद हथियारों की चिंता

इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आठ आधुनिक पिस्तौल और सात जिंदा कारतूस बरामद किए। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि इन हथियारों को विभिन्न आपराधिक समूहों तक पहुंचाने की योजना थी। जांचकर्ताओं का मानना है कि यदि समय पर यह खेप पकड़ी नहीं जाती, तो इनका उपयोग गंभीर आपराधिक घटनाओं में किया जा सकता था। बरामद हथियारों की तकनीकी जांच भी की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे किन स्रोतों से आए और क्या पहले किसी आपराधिक वारदात में उनका उपयोग हुआ है।


हवाला नेटवर्क का खुलासा

पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि यह गिरोह केवल हथियारों की आपूर्ति तक सीमित नहीं था। अवैध कारोबार से जुड़े पैसों के लेन-देन के लिए हवाला चैनलों का इस्तेमाल किया जा रहा था। अधिकारियों का कहना है कि हवाला नेटवर्क के कारण यह पूरा ऑपरेशन लंबे समय तक कानून की नजरों से बचा रहा।


अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की खोज

इस मामले में इस्लामाबाद पुलिस स्टेशन और गेट हकीमा पुलिस स्टेशन में दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई हैं। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर नेटवर्क के आगे और पीछे के लिंक तलाश रही है। अधिकारियों का मानना है कि इस गिरोह से जुड़े और भी लोग सामने आ सकते हैं।