पंजाब में भाजपा और शिअद के गठबंधन पर रामदास अठावले की टिप्पणी
सियासी गठजोड़ पर चर्चा
पंजाब विधानसभा चुनाव के नजदीक, राजनीतिक गठजोड़ की चर्चाएं तेज हो गई हैं। केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने भाजपा और शिरोमणि अकाली दल के एक साथ आने की संभावना पर जोर दिया। पंजाब के दौरे पर अठावले ने कहा कि यह गठबंधन राज्य के लिए लाभकारी साबित होगा। उन्होंने इसमें रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (आरपीआइ) को भी शामिल करने का सुझाव दिया।
भाजपा-शिअद गठबंधन का समर्थन
अठावले ने कहा कि भाजपा और शिरोमणि अकाली दल का एकजुट होना पंजाब के लिए फायदेमंद हो सकता है। उन्होंने बताया कि उनकी पार्टी आरपीआइ भी इस गठबंधन में शामिल होगी, जो अनुसूचित जातियों के बीच एक मजबूत आधार रखती है। पंजाब दौरे के दौरान, अठावले ने अमृतसर और जालंधर का दौरा किया और गुरु निरंजन दास से भी मुलाकात की।
आंबेडकर प्रतिमा के अपमान पर प्रतिक्रिया
लुधियाना में डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा के अपमान की घटना पर अठावले ने अपनी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने इसे पंजाब के सामाजिक सौहार्द को नुकसान पहुंचाने का प्रयास बताया। केंद्रीय मंत्री ने मामले की गंभीरता से जांच की आवश्यकता और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। उनका कहना था कि ऐसी घटनाएं समाज में तनाव पैदा कर सकती हैं, इसलिए जिम्मेदार व्यक्तियों पर कार्रवाई आवश्यक है।
किसान आंदोलन और संगरूर की घटना पर विचार
किसानों के आंदोलन को अठावले ने उचित ठहराया, लेकिन उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार किसानों के हित में काम कर रही है और उनकी समस्याओं का समाधान करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने किसानों के मुद्दों को राजनीति से अलग रखने की आवश्यकता पर बल दिया। संगरूर में नशे की समस्या से संबंधित एक घटना में जहर निगलकर आत्महत्या करने वाले गुलजार सिंह के मामले को उन्होंने दुखद बताया और इसकी कड़ी जांच की मांग की।