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पंजाब में संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, दो गैंगस्टर गिरफ्तार

पंजाब में संगठित अपराध के खिलाफ चल रही कार्रवाई में कपूरथला पुलिस ने दो गैंगस्टरों को गिरफ्तार किया है। जालंधर की मकसूदा मंडी में हुई गोलीबारी से जुड़े इन आरोपियों के पास से अवैध हथियार और नशीले पदार्थ बरामद हुए हैं। पुलिस ने इनकी गिरफ्तारी के बाद महत्वपूर्ण खुलासे किए हैं, जिसमें अन्य संदिग्धों की पहचान भी शामिल है। जानें इस मामले की पूरी जानकारी और पुलिस की आगे की कार्रवाई के बारे में।
 

पुलिस को मिली महत्वपूर्ण सफलता


चंडीगढ़: पंजाब में संगठित अपराध के खिलाफ चल रही कार्रवाई में कपूरथला जिले की सुल्तानपुर लोधी पुलिस ने एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। पुलिस ने जालंधर की मकसूदा मंडी में हुई गोलीबारी से जुड़े दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिन्हें गैंगस्टर सोनू खत्री का करीबी माना जा रहा है। गिरफ्तारी के समय पुलिस ने अवैध हथियारों के साथ-साथ नशीले पदार्थ भी बरामद किए हैं। प्रारंभिक जांच में आरोपियों के आपराधिक नेटवर्क और पुराने मामलों से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए हैं।


अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तारी

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, 22 जून को सूचना मिली थी कि अमनदीप सिंह गाजीपुर रोड क्षेत्र में अवैध हथियारों के साथ मौजूद है। सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके को घेर लिया और उसे हिरासत में ले लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से दो पिस्टल, दो मैगजीन और 10 जिंदा कारतूस बरामद हुए। इसके बाद आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर विस्तृत पूछताछ शुरू की गई।


पूछताछ में साथी का नाम सामने आया

अमनदीप सिंह से पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण खुलासे हुए। उसने बताया कि उसका साथी गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी भी इस मामले में शामिल है। आरोपी के बयान के आधार पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए गुरप्रीत को भी गिरफ्तार कर लिया। दोनों को अदालत में पेश करने के बाद पुलिस ने आगे की जांच के लिए रिमांड हासिल किया।


मकसूदा मंडी गोलीकांड का खुलासा

पूछताछ में दोनों आरोपियों ने जालंधर की मकसूदा सब्जी मंडी में हुई गोलीबारी में अपनी भूमिका स्वीकार की। इसी हमले में सोनू पुरी के पैर में गोली लगी थी। पुलिस का कहना है कि घटना के पीछे की पूरी साजिश और अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। इस खुलासे ने मामले को नई दिशा दी है।


रिमांड के दौरान बरामद हुआ नशा

पुलिस रिमांड के दौरान गुरप्रीत सिंह की निशानदेही पर 100 ग्राम हेरोइन, 20 ग्राम आइस और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए गए। बरामदगी से यह संकेत मिला है कि आरोपी केवल हथियारों की तस्करी ही नहीं, बल्कि नशीले पदार्थों के कारोबार से भी जुड़े हो सकते हैं। पुलिस अब इस एंगल से भी जांच आगे बढ़ा रही है।


गैंगस्टर नेटवर्क की जांच तेज

एसपी (डी) हरिंदर सिंह ने बताया कि दोनों आरोपी पहले भी हत्या समेत कई गंभीर मामलों में जेल जा चुके हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि दोनों गैंगस्टर सोनू खत्री के करीबी सहयोगी हैं। पुलिस उनके संपर्कों, वित्तीय गतिविधियों और अन्य साथियों की पहचान करने में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस नेटवर्क से जुड़े और खुलासे हो सकते हैं।