सुखना झील में जानवरों के लिए नई फीडिंग व्यवस्था लागू
सुखना झील में नई व्यवस्था का आगाज़
चंडीगढ़ नगर निगम ने सुखना झील में बढ़ती भीड़ और सुरक्षा के मद्देनजर एक नई व्यवस्था लागू की है। अब आवारा कुत्तों और अन्य सामुदायिक जानवरों को केवल निर्धारित स्थानों पर ही भोजन दिया जा सकेगा। यह निर्णय झील के प्रबंधन के लिए एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
आठ स्थानों पर भोजन देने की अनुमति
नगर निगम ने सुखना झील के क्षेत्र में सामुदायिक जानवरों के लिए आठ विशेष फीडिंग पॉइंट्स को मंजूरी दी है। इसके साथ ही, झील के अन्य स्थानों पर जानवरों को खाना देने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। निगम का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य झील के क्षेत्र को व्यवस्थित रखना और लोगों के लिए सुरक्षित वातावरण बनाना है। अब पशु प्रेमियों और डॉग फीडर्स को केवल इन अधिकृत स्थानों पर जाकर जानवरों को भोजन देना होगा, जिससे झील के विभिन्न हिस्सों में अनियंत्रित भोजन डालने की समस्या कम होगी।
साफ-सफाई और सुरक्षा पर ध्यान
नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार, सुखना झील शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों में से एक है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग घूमने आते हैं। जानवरों को विभिन्न स्थानों पर खाना देने से गंदगी बढ़ने और लोगों को असुविधा होने की शिकायतें मिल रही थीं। नई व्यवस्था से साफ-सफाई बनाए रखने में मदद मिलेगी और जानवरों तथा लोगों के बीच संतुलन भी बेहतर होगा। निगम का मानना है कि निर्धारित स्थानों पर भोजन उपलब्ध होने से जानवरों की देखभाल अधिक व्यवस्थित तरीके से की जा सकेगी।
सार्वजनिक सुझावों की प्रक्रिया
इस निर्णय से पहले, नगर निगम ने 19 मई को एक सार्वजनिक सूचना जारी की थी, जिसमें लोगों से सुझाव और आपत्तियां मांगी गई थीं। इसके लिए 15 दिन का समय निर्धारित किया गया था। स्वास्थ्य चिकित्सा अधिकारी के अनुसार, इस अवधि में किसी भी व्यक्ति या संस्था द्वारा कोई आपत्ति नहीं आई। इसके बाद सभी प्रस्तावित आठ फीडिंग पॉइंट्स को अंतिम मंजूरी दे दी गई।