क्या बंगा-गढ़शंकर मार्ग को मिलेगा राष्ट्रीय राजमार्ग का दर्जा? सांसद कंग ने उठाई मांग
सांसद मालविंदर सिंह कंग की केंद्रीय मंत्री से मुलाकात
चंडीगढ़: आम आदमी पार्टी के सांसद मालविंदर सिंह कंग ने बुधवार को केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने बंगा–गढ़शंकर–श्री आनंदपुर साहिब–नैना देवी मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग के रूप में मान्यता देने की पुरानी मांग को फिर से उठाया। कंग ने इस सड़क के सामरिक, धार्मिक और आर्थिक महत्व पर चर्चा करते हुए केंद्र सरकार से इस परियोजना को तेजी से आगे बढ़ाने की अपील की।
सड़क का महत्व और सांसद का बयान
कंग ने कहा कि यह प्रस्तावित राष्ट्रीय राजमार्ग केवल एक बुनियादी ढांचा परियोजना नहीं है, बल्कि यह क्षेत्र के लाखों लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण लाइफलाइन है। उन्होंने बताया कि यह मार्ग सिख धर्म के पवित्र स्थलों में से एक, श्री आनंदपुर साहिब, को हिमाचल प्रदेश के माता नैना देवी मंदिर से जोड़ता है। हर साल लाखों श्रद्धालु और पर्यटक इस मार्ग का उपयोग करते हैं।
उन्होंने आगे कहा कि यह सड़क पंजाब को हिमाचल प्रदेश से जोड़ने के साथ-साथ हजारों यात्रियों, किसानों, व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों की सेवा करती है। राष्ट्रीय राजमार्ग का दर्जा मिलने से यात्रा में सुधार होगा, धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, और क्षेत्र में आर्थिक विकास को गति मिलेगी।
केंद्र सरकार से अपील
कंग ने कहा कि पिछले वर्षों में इस परियोजना में कोई महत्वपूर्ण प्रगति नहीं हुई है, जबकि पहले ही मंजूरियों और घोषणाओं का उल्लेख किया गया था। उन्होंने केंद्र सरकार से अनुरोध किया कि इस मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित किया जाए और इसे भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधीन लाया जाए।
मुलाकात के बाद संतोष व्यक्त करते हुए कंग ने कहा कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सकारात्मक आश्वासन दिया है और इस मांग के महत्व को स्वीकार किया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार जल्द ही इस परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए ठोस कदम उठाएगी।
कंग ने श्री आनंदपुर साहिब लोकसभा क्षेत्र के लोगों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि वे तब तक इस मुद्दे को उठाते रहेंगे जब तक कि क्षेत्र को आधुनिक सड़क बुनियादी ढांचा नहीं मिल जाता। उन्होंने कहा, "बेहतर संपर्क ही विकास की नींव है, और जब तक यह महत्वपूर्ण मांग पूरी नहीं होती, मैं लोगों की आवाज उठाता रहूंगा।"