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क्या सुखबीर सिंह बादल अपने कबूलनामे से मुकर रहे हैं? AAP ने उठाए गंभीर सवाल

आम आदमी पार्टी के मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने बहबल कलां फायरिंग मामले में सुखबीर सिंह बादल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बादल ने इस घटना की जिम्मेदारी ली थी, लेकिन अब इससे मुकर रहे हैं। पन्नू ने यह भी बताया कि पंजाब की जनता न्याय की मांग कर रही है और जो लोग जिम्मेदार हैं, उन्हें कानून के सामने आना चाहिए। जानें इस मामले में और क्या कहा गया है और क्या है AAP का नजरिया।
 

चंडीगढ़ में AAP का आरोप


चंडीगढ़: आम आदमी पार्टी (AAP) के पंजाब मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने बहबल कलां फायरिंग मामले में हालिया खुलासों को लेकर शिरोमणि अकाली दल की लीडरशिप पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि इन खुलासों ने अकाली दल की बेअदबी की घटनाओं और शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर पुलिस फायरिंग के लिए जिम्मेदारी से बचने के प्रयासों को उजागर किया है। पन्नू ने एसआईटी के समक्ष अकाल तख्त के पूर्व जत्थेदार ज्ञानी रघबीर सिंह के बयान का उल्लेख करते हुए कहा कि सुखबीर सिंह बादल ने इस घटना की जिम्मेदारी ली थी और माफी मांगी थी, इसलिए अब उनका इससे इनकार करना उनके पहले के कबूलनामे के विपरीत है।


पंजाब की जनता का न्याय की मांग

पन्नू ने कहा कि पंजाब की जनता बहबल कलां और कोटकपूरा फायरिंग की घटनाओं को नहीं भूली है, और यह स्पष्ट है कि जिम्मेदार लोगों को कानून के सामने आना होगा। उन्होंने यह भी कहा कि सुखबीर सिंह बादल का कबूलनामा श्री अकाल तख्त साहिब के पास सुरक्षित है। उनका कहना था कि सिखों की सर्वोच्च अदालत के सामने जुर्म कबूल करना और फिर इससे मुकरना इस संस्था की गरिमा का अपमान है।


गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में, पन्नू ने बताया कि जब भी पंजाब में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी हुई, तब अकाली-भाजपा सरकारें सत्ता में थीं। उन्होंने कहा कि इन सरकारों ने न्याय की बजाय मामलों को दबाने का काम किया।


1986 की फायरिंग की याद

पन्नू ने 1986 में नकोदर में हुई फायरिंग की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे चार सिख नौजवानों की हत्या कर दी गई थी। उन्होंने बताया कि उस समय की अकाली सरकार ने जस्टिस गुरनाम सिंह कमीशन की रिपोर्ट का एक बड़ा हिस्सा गायब कर दिया था।


उन्होंने कहा कि जब लोग बेअदबी के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे, तब सरकार ने बल का प्रयोग किया। कोटकपूरा में प्रदर्शनकारियों पर आंसू गैस और गोलियां चलाई गईं, जबकि बहबल कलां में दो निर्दोष सिखों की हत्या कर दी गई।


सुखबीर सिंह बादल पर सीधा हमला

पन्नू ने सुखबीर सिंह बादल पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि पूर्व डिप्टी चीफ मिनिस्टर अपने कार्यकाल के दौरान हुई घटनाओं की जिम्मेदारी से नहीं बच सकते। उन्होंने कोटकपूरा फायरिंग मामले में एसआईटी द्वारा दायर चार्जशीट का हवाला दिया और कहा कि कोर्ट ने भी इस मामले को लेकर गंभीर टिप्पणियां की हैं।


पन्नू ने कहा कि ज्ञानी रघबीर सिंह का बयान इस मामले में महत्वपूर्ण है, जिसमें उन्होंने सुखबीर सिंह बादल द्वारा बहबल कलां फायरिंग की जिम्मेदारी लेने की पुष्टि की थी। यह कबूलनामा सार्वजनिक रूप से दिया गया था और इसकी वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई थी।


AAP सरकार की भूमिका

पन्नू ने कहा कि AAP सरकार ने बेअदबी और फायरिंग मामलों की जांच कर रही एसआईटी को बिना किसी राजनीतिक दखल के काम करने दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि पंजाब के लोगों ने न्याय के लिए बहुत लंबा इंतज़ार किया है और जो लोग जिम्मेदार हैं, उन्हें जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।