क्या है शहजाद भट्टी का आतंकवादी नेटवर्क? यूपी एटीएस की रिपोर्ट में खुलासा
गैंगस्टर शहजाद भट्टी पर कार्रवाई तेज
नई दिल्ली: पाकिस्तान में सक्रिय गैंगस्टर शहजाद भट्टी और उसके कथित नेटवर्क को आतंकवादी घोषित करने की प्रक्रिया में तेजी आई है। उत्तर प्रदेश एटीएस ने इस नेटवर्क की गतिविधियों पर एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर केंद्र सरकार को भेजी है। एजेंसी का कहना है कि यह नेटवर्क केवल आपराधिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह देश की सुरक्षा के लिए भी एक गंभीर खतरा बन सकता है।
पिछले चार महीनों से यूपी एटीएस इस नेटवर्क के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है। लखनऊ में इस नेटवर्क से जुड़े मामलों में 8 FIR दर्ज की गई हैं। इसके अलावा बिजनौर, गाजियाबाद, हापुड़ और अन्य जिलों में भी 12 मामले दर्ज होने की जानकारी मिली है।
रेलवे और टारगेट किलिंग के आरोप
रेलवे और टारगेट किलिंग से जुड़े गंभीर आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार, शहजाद भट्टी के नेटवर्क पर रेलवे की संवेदनशील जगहों को निशाना बनाने, सिग्नल बॉक्स को नुकसान पहुंचाने और युवाओं को अपने जाल में फंसाकर टारगेट किलिंग कराने के आरोप हैं। एजेंसियां आतंकी गतिविधियों की साजिश से जुड़े पहलुओं की भी जांच कर रही हैं।
“I support Cockroach Party against Modi” - Pakistani gangster and terrorist Shehzad Bhatti.
— Mr Sinha (@Mrsinha) August 20, 2026
A few days ago, Indian security agencies arrested over 200 terrorists belonging to his group.
So now, they are openly coming out in support of their brothers ; Cockroaches.
Nice! pic.twitter.com/1JGUqVPZ2s
संदिग्धों की तलाश जारी
पुलिस ने मई में इस नेटवर्क से जुड़े लगभग 175 संदिग्धों की तलाश में उत्तर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में छापेमारी की थी। इस दौरान संदिग्धों के संपर्कों और गतिविधियों की जानकारी जुटाई गई। अब तक 62 लोगों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई की गई है।
कई नाम जांच के दायरे में
एटीएस की जांच में शहजाद भट्टी के अलावा आबिद जट्ट, हम्माद मेमन, जावेद पाकिस्तानी, रजा भाई पाकिस्तानी, अजमल गुर्जर पाकिस्तानी, राशिद भट्टी, राणा हुसैन, मेजर इकबाल और मेजर राशीद जैसे कई नाम शामिल हैं। एजेंसी इनकी कथित संपर्कों और नेटवर्क में भूमिका की जांच कर रही है। यूपी एटीएस का दावा है कि शहजाद भट्टी उत्तर प्रदेश में अपने नेटवर्क को मजबूत कर रहा है और देश के विभिन्न हिस्सों में हिंसक गतिविधियों को अंजाम देने की कोशिश कर रहा है। इसी आधार पर केंद्र को रिपोर्ट भेजकर उसे और उसके नेटवर्क को आतंकवादी घोषित करने की सिफारिश की गई है। केंद्र सरकार की ओर से इस प्रस्ताव पर अंतिम निर्णय होना बाकी है। एटीएस संदिग्धों की तलाश और उनकी गतिविधियों की जांच जारी रखे हुए है।