जन्माष्टमी की धूम: मथुरा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ की तैयारी
मथुरा में जन्माष्टमी की तैयारियां
मथुरा: जैसे-जैसे श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व नजदीक आ रहा है, मथुरा और वृंदावन में तैयारियों में तेजी आ गई है। ठाकुर श्रीबांकेबिहारी मंदिर में दर्शन और जन्माष्टमी की रात के बाद होने वाली मंगला आरती में शामिल होने के लिए देशभर से श्रद्धालुओं ने पहले से ही वृंदावन में ठहरने की योजना बना ली है। शहर के कई होटल, गेस्ट हाउस और आश्रमों में अग्रिम बुकिंग का सिलसिला शुरू हो चुका है, जबकि मंदिर क्षेत्र के आसपास के प्रमुख होटलों में कमरे भरने लगे हैं। हालांकि, मंगला आरती में केवल 600 श्रद्धालुओं को ही प्रवेश दिया जाएगा, इसलिए होटल या आश्रम में कमरा बुक कराने से आरती में प्रवेश की गारंटी नहीं है।
लाखों श्रद्धालुओं की उम्मीद
लाखों श्रद्धालुओं के मथुरा-वृंदावन पहुंचने की संभावना
इस बार जन्माष्टमी पर देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के मथुरा-वृंदावन पहुंचने की उम्मीद है। होटल संचालकों के अनुसार, लगातार बुकिंग के लिए फोन आ रहे हैं। श्रद्धालुओं की प्राथमिकता मंदिर के निकट ठहरने की है, ताकि उन्हें दर्शन में कोई कठिनाई न हो। खासकर जन्माष्टमी की रात के बाद सुबह होने वाली मंगला आरती को लेकर भक्तों में विशेष उत्साह है। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालु कई दिन पहले से वृंदावन पहुंचने की योजना बना रहे हैं।
जन्माष्टमी की तैयारियों में तेजी
जन्माष्टमी को लेकर तैयारियां तेज
इसी बीच, जिला प्रशासन ने भी जन्माष्टमी के लिए तैयारियों को तेज कर दिया है। इस बार कान्हा की नगरी को आकर्षक ढंग से सजाने की योजना बनाई गई है। पुल और डिवाइडर को मोरपंखी रोशनी से सजाया जाएगा, जबकि सड़कों के किनारे बनी बाउंड्रीवॉल पर ब्रज संस्कृति और धार्मिक परंपराओं से जुड़ी चित्रकारी की जाएगी। पिछले वर्ष जन्माष्टमी पर लगभग 40 लाख श्रद्धालु मथुरा पहुंचे थे, और इस बार यह संख्या 10 से 15 लाख तक बढ़ने की संभावना है।
सुविधाओं में सुधार
श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ को देखते हुए नगर निगम और विद्युत विभाग लगभग 1.45 करोड़ रुपये खर्च कर व्यवस्थाओं को मजबूत कर रहे हैं। नगर निगम द्वारा करीब 1.25 करोड़ रुपये से सड़कों की मरम्मत और 22 प्रमुख चौक-चौराहों का सौंदर्यीकरण किया जा रहा है। नगर आयुक्त ओजस्वी राज के अनुसार, शहर को पिंक, पर्पल और ग्रीन यानी मोरपंखी रंगों की विशेष थीम पर सजाया जा रहा है। 11 अगस्त से वॉल पेंटिंग का काम शुरू हो चुका है और एक सितंबर तक शहर को सजाने का लक्ष्य रखा गया है।
सुरक्षा और विद्युत व्यवस्था
डाई-इलेक्ट्रिक पेंटिंग
मसानी से डीग गेट तक नई लाइटों के पोल लगाने का कार्य भी जारी है। नगर निगम सीमा के स्ट्रीट लाइट पोलों पर 0.6 एमएम मोटाई के एचडीपीई इंसुलेशन पाइप और डाई-इलेक्ट्रिक पेंटिंग कराई जा रही है। इससे बारिश और नमी के दौरान करंट उतरने के खतरे को कम करने में मदद मिलेगी। यह इंसुलेशन लगभग एक वर्ष तक प्रभावी रहने की बात कही जा रही है।
वहीं विद्युत विभाग ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि क्षेत्र और परिक्रमा मार्ग में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए करीब 20 लाख रुपये के कार्य शुरू किए हैं। अधीक्षण अभियंता शहर मुदित तिवारी के अनुसार, लगभग 2000 जर्जर विद्युत खंभे बदले जा रहे हैं, जबकि 3000 पैनलों की वेल्डिंग और मरम्मत का कार्य कराया जा रहा है। विद्युत लाइनों की मरम्मत के साथ पेड़ों की छंटाई भी कराई जाएगी। विभाग ने इन कार्यों को रक्षाबंधन तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है।
श्रद्धालुओं का उत्साह
प्रशासन की तैयारियों के बीच जन्माष्टमी को लेकर श्रद्धालुओं का उत्साह भी बढ़ता जा रहा है। अब सभी की नजरें इस बात पर हैं कि भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा, यातायात और मंदिर दर्शन की व्यवस्थाओं के बीच इस बार ब्रज में जन्माष्टमी का आयोजन किस तरह संपन्न होता है।