×

जल जीवन मिशन 2.0 के तहत ओ एंड एम नीति 2026 लागू

रेवाड़ी के जिला कलेक्टर अभिषेक मीणा ने जल जीवन मिशन 2.0 के अंतर्गत ओ एंड एम नीति 2026 की घोषणा की है। इस नीति का उद्देश्य ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं में ग्राम पंचायतों और स्थानीय समुदायों की भागीदारी को बढ़ावा देना है। बैठक में जल बिलिंग, उपभोक्ता शुल्क संग्रहण और शिकायत निवारण में महिला स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी पर जोर दिया गया। इसके अलावा, चयनित गांवों में वित्तीय लेन-देन को सुचारू बनाने के लिए पैरेंट-चाइल्ड बैंक अकाउंट प्रणाली को लागू करने के निर्देश दिए गए हैं।
 

ओ एंड एम नीति 2026 का उद्देश्य

रेवाड़ी के जिला कलेक्टर अभिषेक मीणा ने बताया कि जल जीवन मिशन 2.0 के अंतर्गत ग्रामीण जलापूर्ति प्रणाली के संचालन और रखरखाव के लिए ओ एंड एम नीति 2026 को लागू किया गया है। इस नीति का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण पेयजल योजनाओं के संचालन में ग्राम पंचायतों और स्थानीय समुदायों की सक्रिय भागीदारी को सुनिश्चित करना है, जिससे जलापूर्ति व्यवस्था को अधिक मजबूत, पारदर्शी और जवाबदेह बनाया जा सके।


डीसी ने मंगलवार को जिला सचिवालय में संबंधित अधिकारियों के साथ इस नीति के प्रभावी कार्यान्वयन पर एक समीक्षा बैठक की।


सामुदायिक सहभागिता को बढ़ावा

अभिषेक मीणा ने कहा कि ओ एंड एम नीति-2026 ग्रामीण जलापूर्ति योजनाओं के दीर्घकालिक और प्रभावी संचालन के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। इस नीति के माध्यम से ग्राम पंचायतों को सशक्त बनाते हुए सामुदायिक सहभागिता को बढ़ावा मिलेगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण और सतत पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकेगी।


महिला स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी

उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जल बिलिंग, उपभोक्ता शुल्क संग्रहण, शिकायत निवारण और अन्य संचालन संबंधी गतिविधियों में महिला स्वयं सहायता समूहों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए। इसके अलावा, अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि जिला जल एवं स्वच्छता मिशन की बैठकों की कार्यवाही और अन्य आवश्यक सूचनाएं भारत सरकार के आईएमआईएस/जेजेएम पोर्टल पर नियमित रूप से अपलोड की जाएं।


पैरेंट-चाइल्ड बैंक अकाउंट प्रणाली

डीसी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी चयनित ग्राम पंचायतों में पैरेंट-चाइल्ड बैंक अकाउंट प्रणाली को शीघ्र लागू किया जाए, ताकि योजना के अंतर्गत वित्तीय लेन-देन सुचारू रूप से संचालित हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि एकल ग्राम जलापूर्ति योजनाओं के संचालन के लिए सभी औपचारिकताएं समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएं।


जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग का सहयोग

अभिषेक मीणा ने कहा कि नीति के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के क्षेत्रीय अधिकारियों को जिला प्रशासन का पूरा सहयोग मिलेगा। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा करें और योजनाओं की नियमित समीक्षा करते हुए निर्धारित समय सीमा में सभी लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करें।


चयनित गांवों की जानकारी

बैठक में अधिकारियों ने डीसी को सूचित किया कि सिंगल विलेज मेंटेनेंस स्कीम के तहत जिले के लोहाना, जुड़ी, बोडिया कमालपुर, अहरोद, नांगल जामालपुर, कोलाना, नांधा, बासदूधा, गुमीना और डवाना गांवों का चयन किया गया है। इनमें से छह ग्राम पंचायतों के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किए जा चुके हैं और बैंक खाते खोले जा चुके हैं, जबकि अहरोड़ ग्राम पंचायत का बैंक खाता खोलने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है।