झारखंड में जंगली हाथियों के हमले से 13 लोगों की मौत
झारखंड में हाथियों के हमले की घटनाएं
चाईबासा। झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले में जंगली हाथियों के दो हमलों में 13 व्यक्तियों की जान चली गई। यह जानकारी एक वरिष्ठ वन अधिकारी ने बुधवार को दी। चाईबासा मंडल वन अधिकारी आदित्य नारायण ने बताया कि इस हमले में चार लोग घायल भी हुए हैं।
उन्होंने बताया कि हाल के दिनों में कई लोगों पर हमले करने वाला हाथी मंगलवार रात को नोआमुंडी और हटगामरिया पुलिस थाना क्षेत्रों में घुस आया और एक ही परिवार के चार सदस्यों सहित कुल छह लोगों की जान ले ली। नारायण ने कहा कि एक दिन पहले इसी हाथी ने कोल्हान क्षेत्र में एक परिवार के तीन सदस्यों समेत सात लोगों की हत्या की थी।
अधिकारी ने बताया कि पश्चिम बंगाल के बांकुड़ा जिले के विशेषज्ञों सहित वन अधिकारियों की टीम को हाथी को जंगल में वापस भेजने के लिए तैनात किया गया है। एक रेलवे अधिकारी ने कहा कि दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल में छह जोड़ी रेलगाड़ियां रद्द कर दी गई हैं।
अधिकारियों ने बताया कि हाथी के हमलों से क्षेत्र में भय का माहौल बना हुआ है। इस बीच, पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने वन विभाग की आलोचना करते हुए कहा कि विभाग इस समस्या का स्थायी समाधान खोजने में असफल रहा है।
कोड़ा ने दिन के दौरान नोआमुंडी के एक गांव में पीड़ितों के परिवारों से मुलाकात की। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग गांवों में प्रवेश करने वाले हाथियों को भगाने के लिए ग्राम समिति के सदस्यों को मशाल और पटाखे जैसी वस्तुएं प्रदान करता था, लेकिन अब यह प्रथा बंद हो गई है। कोड़ा ने सरकार से हाथियों के हमलों के कारण अनाथ हुए बच्चों के पुनर्वास और उनकी शिक्षा का खर्च उठाने की मांग की।