डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का पंडित दीनदयाल धाम में किसान युवा सम्मेलन में संबोधन
मथुरा में पंडित दीनदयाल धाम का मेला
मथुरा: पंडित दीनदयाल धाम में आयोजित मेले में बृहस्पतिवार को डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने शिरकत की। उन्होंने पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इसके बाद किसान युवा सम्मेलन में उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय को सच्ची श्रद्धांजलि तब होगी जब सरकारी योजनाओं का लाभ गरीब, किसान, युवा और समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
सरकारी योजनाओं का उद्देश्य
अंत्योदय और एकात्म मानव दर्शन पर जोर
डिप्टी सीएम ने बताया कि सरकार की योजनाओं का मुख्य उद्देश्य हर वर्ग को विकास की धारा में शामिल करना है। पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय और एकात्म मानव दर्शन के सिद्धांतों को ध्यान में रखते हुए योजनाओं को लागू किया जा रहा है। किसानों, गरीबों, युवाओं और बुजुर्गों को सम्मान और अवसर प्रदान करना सरकार की प्राथमिकता है।
स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार
आयुष्मान भारत और मेडिकल कॉलेज का विस्तार
उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत योजना के तहत योग्य परिवारों को पांच लाख रुपये तक के स्वास्थ्य उपचार की सुरक्षा दी जा रही है। प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का निरंतर विस्तार हो रहा है। 2026-27 के राज्य बजट के अनुसार, प्रदेश में 81 मेडिकल कॉलेज हैं, जिनमें 45 सरकारी और 36 निजी हैं। जिन जिलों में मेडिकल कॉलेज नहीं हैं, वहां चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास पर काम किया जा रहा है।
किसानों और युवाओं के लिए योजनाएं
किसान-युवा-गरीब को मुख्यधारा से जोड़ने का संकल्प
ब्रजेश पाठक ने कहा कि सरकार किसानों को सशक्त बनाने, युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने और गरीबों को विकास की धारा में शामिल करने के लिए योजनाओं को लागू कर रही है। उन्होंने कहा कि समाज में नकारात्मकता के बीच लोगों को पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों से प्रेरणा लेकर अंत्योदय की भावना को आगे बढ़ाना चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के लाखों युवा और महिलाएं विकास की प्रक्रिया में शामिल हो रहे हैं।
स्वरोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा
स्वरोजगार और उद्यमिता का आह्वान
कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र सिंह ने युवाओं से स्वरोजगार और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को नौकरी की तलाश करने के बजाय रोजगार देने वाले बनने की दिशा में काम करना चाहिए।
स्थानीय उत्पादों से रोजगार के अवसर
स्थानीय उत्पादों से रोजगार के अवसर
उन्होंने कहा कि रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए बड़े उद्योगों के साथ-साथ छोटे उद्योगों और एमएसएमई क्षेत्र को भी मजबूत करना आवश्यक है। मथुरा के पेड़ा, लड्डू और अन्य स्थानीय उत्पादों की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग और ब्रांडिंग कर उन्हें बड़े बाजारों तक पहुंचाया जा सकता है। इससे स्थानीय उत्पादों को नई पहचान मिलेगी और युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ेंगे।