दिल्ली एयरपोर्ट पर अभिजीत दीपके का विरोध: क्या है इस बार का मामला?
दिल्ली एयरपोर्ट पर अभिजीत दीपके का आगमन
नई दिल्ली: दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर बुधवार को एक दिलचस्प दृश्य देखने को मिला। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दीपके जैसे ही बाहर आए, एक व्यक्ति ने उन्हें देखकर जोर से चिल्लाना शुरू कर दिया। दीपके ने मुस्कुराते हुए हाथ हिलाया और आगे बढ़ गए। वे नागपुर से उड़ान भरकर दिल्ली पहुंचे थे। जब वे बाहर निकल रहे थे, कुछ लोग उनकी तस्वीरें ले रहे थे, तभी एक शख्स चिल्लाने लगा कि 'क्यों देश खराब कर रहा है।' दीपके ने उसकी ओर इशारा करते हुए अंगूठा दिखाया और वहां से चले गए। इस दौरान सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें चारों ओर से घेर रखा था।
पुलिस हिरासत और परिवार की स्थिति
दीपके को लगभग 24 घंटे तक दिल्ली पुलिस की हिरासत में रखा गया था। इसके बाद, 11 अक्टूबर को वे महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर स्थित अपने घर लौट गए। उन्हें दादी के निधन के कारण आंदोलन को बीच में छोड़ना पड़ा था। अब वे फिर से दिल्ली लौट आए हैं।
पिछले विरोधों का अनुभव
यह पहली बार नहीं है जब दीपके को विरोध का सामना करना पड़ा है। 10 अक्टूबर को, वे अपने सहयोगियों सौरभ दास और आशुतोष रांका के साथ मुंबई से दिल्ली आए थे। उस समय हिरासत में लिए जाने के बाद, विमान में मौजूद कुछ यात्रियों ने उनका विरोध किया और उन्हें गद्दार कहकर अपमानित किया। इंस्टाग्राम पर अपनी पार्टी बनाकर चंद दिनों में लगभग ढाई करोड़ फॉलोअर्स जुटाने वाले दीपके को पहले भी कई बार ऐसे अनुभव हुए हैं। जयपुर में एक व्यक्ति ने उन्हें थप्पड़ मारा था, और नीट पेपर लीक के खिलाफ जंतर-मंतर पर हुए आंदोलन के दौरान उनके चेहरे पर स्याही फेंकी गई थी।
प्रधानमंत्री मोदी पर तीखा हमला
सीजेपी के सह-संयोजक सौरभ दास और आशुतोष रांका की गिरफ्तारी से दीपके काफी नाराज नजर आए। एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोला। दीपके ने कहा कि मोदी एक डरपोक तानाशाह हैं। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या इस देश में तिरंगा लहराना अपराध है। उनके अनुसार, सौरभ और आशुतोष को केवल इसलिए पांच दिन के लिए जेल भेजा गया क्योंकि उन्होंने जंतर-मंतर पर तिरंगा लहराया। उन्होंने इसे तानाशाही का प्रतीक बताया और कहा कि ऐसा तो अंग्रेजों के समय में होता था। अंत में, उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री कहलाने के योग्य नहीं हैं।