दिल्ली में घरेलू सहायिका ने की 35 लाख की चोरी, पुलिस ने किया खुलासा
दिल्ली में चोरी की अनोखी कहानी
नई दिल्ली: राजधानी में एक चोरी की घटना ने फिल्मी कहानी की याद दिला दी है। एक घरेलू सहायिका पर परिवार ने भरोसा किया, लेकिन पुलिस के अनुसार, वही भरोसा 35 लाख रुपये की चोरी में बदल गया। राणा प्रताप बाग में हुई इस घटना के बाद पुलिस ने सुरागों को जोड़ते हुए मुख्य आरोपी तक पहुंच बनाई और चोरी का सारा माल बरामद कर लिया।
पुलिस ने की कार्रवाई
उत्तर-पश्चिमी जिले की डीसीपी आकांक्षा यादव ने बताया कि भारत नगर थाने की पीपी संगम पार्क टीम ने 30 वर्षीय ज्योति, जो बुराड़ी के बाबा कॉलोनी की निवासी है, को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, ज्योति हाल ही में शिकायतकर्ता परिवार के लिए घरेलू सहायिका के रूप में काम कर रही थी, और उसकी संलिप्तता की जांच के दौरान सामने आई। उसके कब्जे से 35 लाख रुपये मूल्य के सोने और हीरे के आभूषण, विदेशी मुद्रा, नकदी और अन्य सामान बरामद किए गए।
29 सितंबर को हुई वारदात
29 सितंबर को हुई वारदात, पुलिस ने शुरू किया ऑपरेशन
पुलिस ने बताया कि 29 सितंबर 2026 को भारत नगर क्षेत्र में हाई-वैल्यू सेंधमारी की सूचना मिली। मामले की गंभीरता को देखते हुए ई-एफआईआर संख्या 80082781 दर्ज की गई और जांच शुरू की गई। चूंकि कीमती सामान गायब हो गया था, पुलिस के लिए यह एक बड़ी चुनौती थी। लेकिन पीपी संगम पार्क की टीम ने जांच को कई दिशाओं में आगे बढ़ाया।
ज्योति की गिरफ्तारी
जांच की 'कड़ी' घरेलू सहायिका तक पहुंची
जांच के दौरान पुलिस की नजर ज्योति पर पड़ी। उसकी कथित भूमिका सामने आने के बाद उसे गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में चोरी के सामान को छिपाने से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग मिले। पुलिस ने बताया कि चोरी की संपत्ति को डीसू कॉलोनी राणा प्रताप बाग में छिपाकर रखा गया था। इसके बाद टीम ने विनीता नाम की एक अन्य घरेलू सहायिका के बारे में भी जानकारी जुटाई।
बरामदगी की सूची
विदेशी मुद्रा ने भी खोला वारदात का राज
पुलिस ने 70 ग्राम सोने की चेन, 40 ग्राम सोने का कड़ा, सोने की डायमंड अंगूठी, सोने की बालियों की एक जोड़ी, पेंडेंट सहित अन्य सामान बरामद किया। इसके अलावा, 313 सिंगापुर डॉलर, 250 मलेशियाई रिंगिट, 305 दिरहम और 4 हजार रुपये नकद भी मिले।
पुलिस की मेहनत रंग लाई
एक-एक सुराग जोड़कर पहुंची पुलिस
पूरे घटनाक्रम में पुलिस ने मानवीय सूचना और तकनीकी निगरानी का सहारा लिया। जमीनी स्तर पर जुटाई गई जानकारी और पूछताछ के दौरान मिले तथ्यों को जोड़कर जांच को आगे बढ़ाया गया। अंततः पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता तक पहुंच बनाई और चोरी की संपत्ति बरामद कर ली।
पुलिस की टीम की सराहना
इन पुलिसकर्मियों ने निभाई अहम भूमिका
इस कार्रवाई में पीपी संगम पार्क के प्रभारी उपनिरीक्षक राजेश पिलानिया के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल अजय और सुनील की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इंस्पेक्टर राम किशोर और सहायक पुलिस आयुक्त आकाश रावत ने पूरी कार्रवाई की निगरानी की। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार ज्योति की कोई पूर्व आपराधिक संलिप्तता नहीं पाई गई है। मामले की आगे की जांच जारी है।