दिल्ली में विदेशी नागरिकों के खिलाफ पुलिस का बड़ा अभियान: 13 लोगों की हुई पहचान
दिल्ली में विदेशी नागरिकों पर कार्रवाई
नई दिल्ली: दिल्ली में बिना वैध दस्तावेजों या समाप्त वीजा के रह रहे विदेशी नागरिकों के खिलाफ नॉर्थ जिला पुलिस ने सख्त कदम उठाना शुरू कर दिया है। एक विशेष कॉम्बिंग ऑपरेशन के तहत, पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर कार्रवाई करते हुए 13 विदेशी नागरिकों की पहचान की। जांच में कई नागरिकों के वीजा की अवधि समाप्त पाई गई, जबकि कुछ ने वैध पासपोर्ट या वीजा दस्तावेज पेश नहीं किए। पुलिस ने सभी मामलों में इमिग्रेशन प्रक्रिया शुरू कर दी है।
उत्तरी जिला के डीसीपी निहारिका भट्ट ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य नॉर्थ जिले में रह रहे विदेशी नागरिकों की पहचान करना और उनके दस्तावेजों का सत्यापन करना था। अभियान के दौरान ऐसे विदेशी नागरिकों की भी पहचान की गई, जिनके खिलाफ आपराधिक मामले अदालतों में चल रहे हैं।
विशेष टीमों का गठन
डीसीपी निहारिका भट्ट के निर्देश पर अभियान के लिए दो विशेष टीमों का गठन किया गया। पहली टीम का नेतृत्व इंस्पेक्टर गिरीश चंद्र रतूड़ी ने किया, जबकि दूसरी टीम का नेतृत्व इंस्पेक्टर रोहित सरस्वत ने किया। दोनों टीमों में पुलिसकर्मियों की एक बड़ी संख्या शामिल थी।
बाबा कॉलोनी में नाइजीरियाई नागरिकों की पहचान
7 सितंबर 2026 को थाना बुराड़ी क्षेत्र में चलाए गए अभियान के दौरान, बाबा कॉलोनी में तीन नाइजीरियाई नागरिकों की पहचान की गई। विक्ट्री इसिमाह ने पासपोर्ट पेश किया, लेकिन उसका वीजा समाप्त पाया गया। अन्य दो नागरिकों ने कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखाया। पुलिस ने तीनों के खिलाफ कार्रवाई की और उन्हें FRRO दिल्ली के समक्ष पेश किया।
चंदन विहार में छापेमारी
16 सितंबर 2026 को, नॉर्थ जिला पुलिस की विशेष टीम ने चंदन विहार, प्रगति एन्क्लेव और मौर्या एन्क्लेव में छापेमारी की। इस दौरान 10 विदेशी नागरिकों की पहचान की गई, जिनमें से चार के वीजा समाप्त पाए गए।
आवश्यक कार्रवाई की गई
जांच में घाना, नाइजीरिया और आइवरी कोस्ट के नागरिकों के वीजा की अवधि समाप्त पाई गई। सभी आवश्यक औपचारिकताओं के बाद, इन नागरिकों को FRRO के समक्ष पेश किया गया और उन्हें आगे की कार्रवाई के लिए Restriction Centres भेजा गया।
अदालत में लंबित मामले
जांच के दौरान, पुलिस को तीन विदेशी नागरिकों के खिलाफ अदालतों में लंबित आपराधिक मामलों की जानकारी मिली। इनमें युगांडा, घाना और नाइजीरिया के नागरिक शामिल हैं। इन मामलों के चलते उन्हें मौजूदा इमिग्रेशन कार्रवाई से अलग रखा गया।
संपूर्ण अभियान का उद्देश्य
नॉर्थ जिला पुलिस का यह अभियान केवल एक आकस्मिक जांच नहीं था, बल्कि यह एक सुनियोजित कार्रवाई थी। पुलिस ने संदिग्ध ठिकानों की पहचान की और विदेशी नागरिकों के दस्तावेजों की गहन जांच की। अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।