बिहार में नई सरकार का गठन: निशांत यादव बनेंगे डिप्टी सीएम
बिहार में नई राजनीतिक दिशा
8-9 अप्रैल को नई सरकार का गठन संभव
बिहार की राजनीति में एक नया अध्याय जल्द ही शुरू होने वाला है। इस बार जदयू और लोजपा के बजाय भाजपा के मुख्यमंत्री बनने की संभावना है। हालांकि, यह अभी स्पष्ट नहीं है कि भाजपा किसे मुख्यमंत्री बनाएगी, लेकिन यह तय है कि 10 अप्रैल के आसपास भाजपा अपने नए मुख्यमंत्री को सत्ता सौंप देगी।
सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 8 या 9 अप्रैल को मुख्यमंत्री पद और विधान परिषद की सदस्यता से इस्तीफा देंगे। जदयू के एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि नीतीश के इस्तीफे के बाद निशांत यादव को विधायक दल का नेता चुना जाएगा। इसके साथ ही उन्हें पार्टी का अध्यक्ष बनाने की योजना भी है।
सत्ता की चाबी किसके हाथ में?
जदयू के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि भाजपा नेतृत्व ने नीतीश को नए मुख्यमंत्री के चयन में उनकी पसंद का ध्यान रखने का आश्वासन दिया है। इस बदलाव के बाद राज्य में लव-कुश समीकरण (कुर्मी और कुशवाह जाति) को बनाए रखना पहली चुनौती होगी। निशांत का डिप्टी सीएम बनना लगभग तय है, और वर्तमान डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी नए मुख्यमंत्री बन सकते हैं। हालांकि, इस पर औपचारिक बातचीत अभी नहीं हुई है।
निशांत का डिप्टी सीएम बनना लगभग निश्चित
निशांत का डिप्टी सीएम बनना और अपने पिता नीतीश की विधान परिषद की सीट पर उपचुनाव लड़ना तय है। दूसरे डिप्टी सीएम के चयन पर चर्चा जारी है। जदयू को डिप्टी सीएम के दो पद और भाजपा के बराबर 15 मंत्री पद दिए जाएंगे। गृह विभाग और विधानसभा स्पीकर का पद भाजपा के पास ही रहेगा। इस बार जदयू पहली बार भाजपा के छोटे भाई की भूमिका में होगी।
अन्य दलों को मिलेगी हिस्सेदारी
नई सरकार में लोजपा (आर) को 2 और आरएलएम व हम को 1-1 मंत्री पद दिए जाएंगे। चूंकि दोनों डिप्टी सीएम जदयू के होंगे, इसलिए विभागों के बंटवारे पर राजग को नए सिरे से विचार करना होगा। हालांकि, यह तय है कि विधानसभा अध्यक्ष का पद और गृह विभाग पहले की तरह भाजपा के पास ही रहेगा।