हरियाणा सरकार की लाडो लक्ष्मी योजना में बदलाव: महिलाओं को मिलेगी नई वित्तीय सहायता
लाडो लक्ष्मी योजना में संशोधन
हरियाणा सरकार ने लाडो लक्ष्मी योजना के तहत मिलने वाली वित्तीय सहायता में बदलाव किया है। अब महिलाओं को 1100 रुपये नकद प्रदान किए जाएंगे, जबकि 1000 रुपये की राशि एक निश्चित जमा के रूप में रखी जाएगी।
चंडीगढ़ . हरियाणा की महिलाओं के लिए नायब सिंह सैनी सरकार ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। यदि आप पंडित दीनदयाल उपाध्याय लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ उठाने की योजना बना रही हैं, तो यह जानकारी आपके लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। सरकार ने योजना में एक बड़ा परिवर्तन किया है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने चंडीगढ़ में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि अब योग्य महिलाओं के बैंक खातों में हर महीने 2100 रुपये का ट्रांसफर नहीं किया जाएगा। फरवरी से लागू होने वाले नए नियमों के अनुसार, नकद राशि को घटाकर 1100 रुपये कर दिया गया है।
बाकी 1000 रुपये का उपयोग
बाकी 1000 रुपये का क्या होगा
महिलाओं के मन में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि उनके हिस्से के बाकी 1000 रुपये का क्या होगा। इस पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार महिलाओं के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए यह कदम उठा रही है। इसलिए 2100 रुपये की कुल राशि में से 1000 रुपये को आवर्ती जमा या सावधि जमा में रखा जाएगा।
इसका अर्थ यह है कि महिलाओं को हर महीने खर्च के लिए 1100 रुपये मिलेंगे, जबकि 1000 रुपये उनकी बचत के रूप में जमा होते रहेंगे। यह राशि भविष्य में एक महत्वपूर्ण फंड बन जाएगी, जो कठिन समय में मददगार साबित होगी। यदि किसी लाभार्थी महिला का निधन हो जाता है, तो यह जमा राशि उसके नॉमिनी को तुरंत दी जाएगी।
शिक्षा में उत्कृष्टता के लिए पुरस्कार
पढ़ाई में होशियार बच्चों की माताओं को इनाम
सरकार ने इस योजना को शिक्षा से जोड़कर एक नई पहल की है। अब इस योजना का लाभ उन माताओं को भी मिलेगा जिनके बच्चे पढ़ाई में अव्वल हैं। नए नियमों के अनुसार, यदि किसी महिला की वार्षिक पारिवारिक आय 1 लाख 80 हजार रुपये तक है और उसके बच्चे ने सरकारी स्कूल से 10वीं या 12वीं की बोर्ड परीक्षा में 80 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए हैं, तो वह महिला इस योजना की हकदार होगी। यह कदम सरकारी स्कूलों में शिक्षा के स्तर को सुधारने और बच्चों को मेहनत करने के लिए प्रेरित करेगा।
गंभीर बीमारियों से जूझ रही महिलाओं के लिए सहायता
गंभीर बीमारियों से जूझ रही महिलाओं को सहारा
नायब सैनी सरकार ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए गंभीर रोगों से पीड़ित महिलाओं को भी इस योजना में शामिल किया है। अब कैंसर की तीसरी और चौथी स्टेज से जूझ रही महिलाओं को भी इसका लाभ मिलेगा। इसके अलावा, हीमोफिलिया, थैलेसीमिया और सिकल सेल एनीमिया जैसी बीमारियों से पीड़ित गरीब महिलाओं को भी लाडो लक्ष्मी योजना से जोड़ा गया है। जो महिलाएं इलाज के लिए सरकार से पेंशन प्राप्त कर रही हैं, उन्हें भी अब यह अतिरिक्त आर्थिक सहायता मिलेगी।
योजना का दायरा बढ़ाने की योजना
जनवरी 2026 से बढ़ा दायरा
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार का उद्देश्य अधिक से अधिक बहन-बेटियों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इसी उद्देश्य से जनवरी 2026 से योजना का दायरा बढ़ाया जाएगा। अब 1 लाख 80 हजार रुपये तक की वार्षिक आय वाले परिवारों को इसमें प्राथमिकता दी जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि नकद राशि के साथ बचत का विकल्प जोड़ना एक समझदारी भरा कदम है। इससे महिलाओं के पास एक सुरक्षित फंड तैयार होगा, जिससे वे भविष्य में अपना कोई छोटा व्यवसाय शुरू कर सकती हैं या बच्चों की उच्च शिक्षा में निवेश कर सकती हैं।