सावन माह में जन्मे बच्चों की विशेषताएँ और स्वभाव
सावन का पावन महीना
इस माह में शिव जी का जलाभिषेक और रुद्राभिषेक करने से भगवान की विशेष कृपा प्राप्त होती है
सावन का महीना अत्यंत पवित्र माना जाता है। इस वर्ष, द्रिक पंचांग के अनुसार, सावन की शुरुआत 30 जुलाई से होगी और यह 28 अगस्त को पूर्णिमा के दिन समाप्त होगा। इस दौरान शिव पूजा का विशेष महत्व है।
जिद्दी स्वभाव के बच्चे
सावन के इस पवित्र माह में जन्मे बच्चों का स्वभाव भगवान शिव के स्वभाव से प्रभावित होता है। स्कंद पुराण में सावन में जन्मे बच्चों के लक्षणों का विस्तार से वर्णन किया गया है। कहा जाता है कि ये बच्चे थोड़े जिद्दी होते हैं।
शिव जी से जुड़ी ऊर्जा
सावन में जन्मे बच्चे दृढ़ संकल्पित होते हैं। एक बार जो इरादा कर लेते हैं, उससे पीछे नहीं हटते। यही कारण है कि कभी-कभी इनमें जिद्दीपन देखने को मिलता है। इनकी ऊर्जा भगवान शिव से जुड़ी मानी जाती है। ये बच्चे शांत होते हैं, लेकिन गंभीर स्वभाव के होते हैं।
आत्मविश्वास से भरे बच्चे
सावन माह में जन्मे बच्चों में आत्मविश्वास की कोई कमी नहीं होती। ये अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने में सक्षम होते हैं और कभी भ्रमित नहीं होते। इनका स्वभाव भावुक भी होता है।
ये बच्चे भौतिक सुख-सुविधाओं की तुलना में रिश्तों को अधिक महत्व देते हैं। संवेदनशीलता के कारण कभी-कभी इनका गलत लाभ उठाया जाता है। ये वादे के पक्के होते हैं।