×

आईपीएल 2026 के लिए बीसीसीआई ने कड़े अनुशासन नियम लागू किए

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने आईपीएल 2026 के लिए नए अनुशासन नियमों की घोषणा की है। इन नियमों का उद्देश्य खिलाड़ियों की गतिविधियों को नियंत्रित करना और मैच के दौरान होने वाली हलचल को कम करना है। रिजर्व खिलाड़ियों के लिए मैदान पर आना-जाना कठिन बना दिया गया है, और ड्रिंक्स तथा संदेश ले जाने की प्रक्रिया में भी बदलाव किया गया है। जानें इन नए नियमों के पीछे का कारण और टीम प्रबंधन के लिए आने वाली चुनौतियाँ।
 

नई गाइडलाइंस का परिचय

नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने आईपीएल के 2026 सीजन के लिए अनुशासन के मानकों को सख्त किया है। बोर्ड ने खिलाड़ियों के लिए नई गाइडलाइंस जारी की हैं, जो मैच के दौरान मैदान पर अनावश्यक भीड़ को नियंत्रित करने के उद्देश्य से हैं। ये नियम विशेष रूप से उन खिलाड़ियों के लिए हैं जो प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं होते। अब रिजर्व खिलाड़ियों के लिए मैदान पर अपनी मर्जी से आना-जाना लगभग असंभव हो जाएगा।


डगआउट की लक्ष्मण रेखा

नए नियमों के अनुसार, बेंच पर बैठे खिलाड़ियों के लिए डगआउट की एक 'लक्ष्मण रेखा' खींची गई है। अब सब्स्टीट्यूट खिलाड़ी मैच के दौरान बाउंड्री लाइन के आसपास बेवजह नहीं घूम सकेंगे। बीसीसीआई ने स्पष्ट किया है कि केवल 16 नामित खिलाड़ी ही सक्रिय क्षेत्र में रह सकते हैं, जबकि अन्य खिलाड़ियों को डगआउट में रहना होगा। इससे मैच के दौरान होने वाली हलचल कम होगी और खिलाड़ियों का ध्यान खेल पर केंद्रित रहेगा।


ड्रिंक्स और संदेश पर नए नियम

ड्रिंक्स और संदेश पर पहरा 

मैदान पर ड्रिंक्स या संदेश ले जाने की प्रक्रिया में भी महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। पहले रिजर्व खिलाड़ी अक्सर ड्रिंक्स या बल्ला लेकर मैदान में दौड़ते थे, लेकिन अब इसे पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया गया है। केवल वे खिलाड़ी जो टीम शीट के 16 सदस्यीय मुख्य दल का हिस्सा हैं, उन्हें ही ड्रिंक्स या कोच का संदेश ले जाने की अनुमति होगी। अन्य खिलाड़ियों के मैदान में प्रवेश करने पर बीसीसीआई सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई कर सकता है।


बाउंड्री रोप के पास खिलाड़ियों की संख्या

बाउंड्री रोप के पास सीमित खिलाड़ी 

मैदान के किनारे यानी बाउंड्री रोप के पास खिलाड़ियों की मौजूदगी को लेकर भी अब सीमा तय कर दी गई है। बीसीसीआई के दिशा-निर्देशों के अनुसार, बाउंड्री रोप और एलईडी विज्ञापन बोर्डों के बीच के क्षेत्र में पांच से अधिक खिलाड़ी नहीं होने चाहिए। ये पांच खिलाड़ी भी टीम शीट में नामित 16 खिलाड़ियों में से ही होने चाहिए। विज्ञापन बोर्डों के आसपास घूमने वाले खिलाड़ियों पर अब मैच अधिकारियों की पैनी नजर रहेगी ताकि खेल में कोई बाधा न आए।


प्लेइंग कंडीशंस में बदलाव

प्लेइंग कंडीशंस में कड़ा बदलाव 

बीसीसीआई ने मौजूदा मैच प्लेइंग कंडीशंस (MPC) की धारा 11.5.2 और 24.1.4 को और अधिक मजबूती प्रदान की है। हालांकि ड्रिंक्स ले जाने और बिब पहनने के नियम पहले से मौजूद थे, लेकिन उनका कड़ाई से पालन नहीं हो पा रहा था। अब इन नियमों को सख्त बनाकर बोर्ड ने सभी फ्रेंचाइजी को यह संदेश दिया है कि किसी भी प्रकार का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। टीम मैनेजरों को इन परिवर्तनों के बारे में पहले ही विस्तार से जानकारी दे दी गई है.


टीम प्रबंधन की चुनौतियाँ

टीम मैनेजमेंट की बढ़ती चुनौतियां 

रिपोर्टों के अनुसार, विभिन्न टीमों के सूत्रों ने इस बात की पुष्टि की है कि उन्हें नए निर्देशों के बारे में सूचित कर दिया गया है। अब कोच और कप्तान को अपने 16 खिलाड़ियों का चयन इस तरह करना होगा कि ड्रिंक्स और संदेश भेजने के लिए पर्याप्त खिलाड़ी उपलब्ध रहें। 25 खिलाड़ियों के बड़े स्क्वॉड में से केवल 16 को यह जिम्मेदारी सौंपना प्रबंधन के लिए एक रणनीतिक चुनौती भी होगी। इन नियमों का पालन न करने पर बीसीसीआई भविष्य में भारी जुर्माना भी लगा सकता है.