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क्या जानते हैं आप श्रीलंका के पहले वनडे कप्तान अनुरा टेनेकून के बारे में?

इस लेख में हम श्रीलंका के पहले वनडे कप्तान अनुरा टेनेकून के बारे में जानेंगे, जिनका क्रिकेट करियर भले ही छोटा रहा हो, लेकिन उनका योगदान महत्वपूर्ण है। भारतीय युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अनुरा के प्रति सम्मान दिखाते हुए उनके पैर छूकर आशीर्वाद लिया, जो भारतीय संस्कृति की एक खूबसूरत झलक प्रस्तुत करता है। जानें अनुरा टेनेकून की क्रिकेट यात्रा और उनके खेल के दिनों की कुछ खास बातें।
 

क्रिकेट में संस्कारों की मिसाल


नई दिल्ली: क्रिकेट के मैदान पर खिलाड़ियों की खेल प्रतिभा के साथ-साथ उनके संस्कार भी अक्सर चर्चा का विषय बनते हैं। हाल ही में श्रीलंका में एक ऐसा दृश्य देखने को मिला जिसने खेल प्रेमियों का दिल जीत लिया। भारतीय टीम के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी इस समय भारत, श्रीलंका और अफगानिस्तान की 'ए' टीमों के बीच हो रही ट्राई-सीरीज के लिए श्रीलंका में हैं।


सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो

वीडियो वायरल


इस दौरे से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है, जिसमें वैभव सूर्यवंशी श्रीलंका के पूर्व महान क्रिकेटर अनुरा टेनेकून के पैर छूकर उनका आशीर्वाद लेते हुए नजर आ रहे हैं। इस भावुक क्षण ने सभी को यह जानने के लिए उत्सुक कर दिया है कि अनुरा टेनेकून कौन हैं।


Former great of Sri Lanka and one of the finest batters of the country and the captain of the 1st ever World cup in 1975, Anura Tennekoon met a potential future great Vaibhav Sooryavanshi during the Triangular A team series in Dambulla. pic.twitter.com/xYOWMcO6AM

— Roshan Abeysinghe (@RoshanCricket) June 16, 2026



अनुरा टेनेकून का क्रिकेट करियर

श्रीलंका के पहले वनडे कप्तान हैं अनुरा टेनेकून


अनुरा टेनेकून श्रीलंका क्रिकेट के इतिहास में एक महत्वपूर्ण नाम हैं। वह अंतरराष्ट्रीय वनडे क्रिकेट में श्रीलंका टीम के पहले कप्तान रहे हैं। 20 अक्टूबर 1946 को अनुराधापुर में जन्मे टेनेकून अब लगभग 79 वर्ष के हैं। अपने खेल के दौरान, वह दाएं हाथ के बेहतरीन बल्लेबाज थे और कभी-कभी बाएं हाथ से धीमी स्पिन गेंदबाजी भी करते थे।


अंतरराष्ट्रीय और घरेलू क्रिकेट में योगदान

ऐसा रहा अंतरराष्ट्रीय और घरेलू करियर


हालांकि अनुरा टेनेकून का अंतरराष्ट्रीय करियर बहुत लंबा नहीं रहा, लेकिन इसका महत्व बहुत बड़ा है। उन्होंने श्रीलंका के लिए 4 वनडे मैच खेले, जिसमें 4 पारियों में 34.25 की औसत से 137 रन बनाए। उनका सर्वोच्च स्कोर 59 रन रहा।


5 शानदार शतक


घरेलू क्रिकेट में उनका प्रदर्शन शानदार रहा है। उन्होंने 61 फर्स्ट क्लास मैच और 18 लिस्ट 'ए' मुकाबले खेले। फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 107 पारियों में उन्होंने 36.26 की औसत से 3,481 रन बनाए, जिसमें 5 शतक और 19 अर्धशतक शामिल हैं। लिस्ट 'ए' क्रिकेट में उन्होंने एक अर्धशतक के साथ 274 रन बनाए। गेंदबाजी में भी उन्होंने फर्स्ट क्लास मैचों में 2 विकेट लिए। वैभव सूर्यवंशी का यह सम्मानजनक व्यवहार न केवल भारतीय संस्कृति की झलक प्रस्तुत करता है, बल्कि युवा पीढ़ी को अपने दिग्गजों का सम्मान करने का एक महत्वपूर्ण संदेश भी देता है।