×

प्रभसिमरन सिंह का जिम्बाब्वे दौरे के लिए चयन, परिवार के साथ खुशी साझा की

प्रभसिमरन सिंह को जिम्बाब्वे दौरे के लिए भारतीय टी20 टीम में शामिल किया गया है। जिम में चयन की खबर सुनते ही उन्होंने खुशी से अपने परिवार के साथ यह साझा किया। यह उनका दूसरा मौका है, और वह इस बार अपने प्रदर्शन से टीम में जगह बनाए रखने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं। युवराज सिंह और रिकी पोंटिंग के मार्गदर्शन का भी उन्होंने उल्लेख किया। जानें उनके अनुभव और लक्ष्य के बारे में।
 

प्रभसिमरन का चयन और परिवार के साथ खुशी

जब प्रभसिमरन सिंह जिम में थे, तभी उन्हें जानकारी मिली कि उन्हें इस महीने के अंत में होने वाले जिम्बाब्वे दौरे के लिए भारतीय टी20 टीम में शामिल किया गया है। पटियाला के 25 वर्षीय विकेटकीपर बल्लेबाज ने तुरंत जिम सेशन को छोड़कर अपने घर की ओर दौड़ लगाई ताकि वह इस खुशी को अपने परिवार के साथ साझा कर सकें। पिछले दो आईपीएल सीज़न में पंजाब किंग्स (PBKS) के लिए उन्होंने 500 से अधिक रन बनाए हैं, जिसके चलते उन्हें यह अवसर मिला है।


टीम में दूसरी बार चयन

प्रभसिमरन, जो एक आक्रामक सलामी बल्लेबाज हैं, दूसरी बार भारतीय टीम में चुने गए हैं। इससे पहले, वह 2023 एशियन गेम्स के लिए टीम इंडिया के साथ चीन गए थे, लेकिन उन्हें खेलने का मौका नहीं मिला। जिम्बाब्वे दौरे के लिए उन्हें ईशान किशन के बाद दूसरे विकेटकीपर के रूप में टीम में शामिल किया गया है, जबकि संजू सैमसन को टीम में जगह नहीं मिली। प्रभसिमरन ने कहा कि यदि उन्हें जिम्बाब्वे में खेलने का मौका मिला, तो वह अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देंगे।


प्रभसिमरन का लक्ष्य

खेलने का दृढ़ संकल्प


प्रभसिमरन ने एक मीडिया चैनल से बातचीत में कहा, 'जब आप अपने जीवन में किसी लक्ष्य को प्राप्त करते हैं, तो वह बहुत अच्छा लगता है। एशियन गेम्स का अनुभव अच्छा था, लेकिन मुझे खेलने का मौका नहीं मिला। इसलिए मैं नहीं बता सकता कि भारत के लिए डेब्यू करने का अनुभव कैसा होता है।'


उन्होंने आगे कहा, 'मैं जिम्बाब्वे दौरे से बिना खेले लौटना नहीं चाहता। मैंने हमेशा देश के लिए खेलने का सपना देखा है और मुझे टीम में बने रहना है। अगर मुझे मौका मिला, तो मैं अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करूंगा ताकि मुझे टीम से बाहर न होना पड़े।'


युवराज और पोंटिंग का योगदान

सेलेक्शन का श्रेय


प्रभसिमरन ने अपने साथी खिलाड़ियों के साथ एज-ग्रुप क्रिकेट खेलते समय युवराज सिंह को मेंटोर के रूप में याद किया। उन्होंने कहा, 'IPL के बाद से युवी पाजी के साथ कोई सेशन नहीं हुआ, लेकिन भारतीय टीम में चयन के बाद मैंने उन्हें फोन किया। हमारी लंबी बातचीत हुई, जिसमें उन्होंने अपने अनुभव साझा किए। वह हमेशा कहते हैं कि गेंदबाज से एक कदम आगे रहना चाहिए।'


PBKS के हेड कोच रिकी पोंटिंग के योगदान के बारे में उन्होंने कहा, 'दोनों की सोच एक जैसी है। रिकी सर ने मेरी सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने मुझे बताया था कि मुझे टीम में बनाए रखा जाएगा और उन्होंने मुझे बेहतर खिलाड़ी बनाने का वादा किया। मैं युवी पाजी और रिकी सर दोनों का आभारी हूं।'