105 साल पुराना ट्रैक्टर करोड़ों में बिका, जानें इसकी कहानी
पुराना ट्रैक्टर जो कबाड़ से बना अनमोल
जालंधर, पंजाब में एक पुरानी और जर्जर इमारत में वर्षों से एक ट्रैक्टर धूल खा रहा था। स्थानीय लोगों के लिए यह केवल कबाड़ जैसा प्रतीत होता था। किसी ने भी नहीं सोचा था कि यह पुराना ट्रैक्टर एक दिन करोड़ों रुपये में बिक जाएगा।
विंटेज ट्रैक्टर की बिक्री
अब यह 105 साल पुराना विंटेज ट्रैक्टर 1.25 करोड़ रुपये में एक विदेशी कंपनी द्वारा खरीदा गया है। इसे अमेरिका के कैलिफोर्निया में एक म्यूजियम में प्रदर्शित किया जाएगा।
1921 का जर्मन मॉडल
स्थानीय निवासी पुनीत वडेरा के अनुसार, यह ट्रैक्टर जालंधर के भगत सिंह चौक के पास एक पुराने मकान में रखा था। यह 1921 का जर्मनी में निर्मित लेंज बुलडॉग एचएल-12 मॉडल है।
कई कार्यों में सहायक
इस ट्रैक्टर को अपने समय की विशेष तकनीक के लिए जाना जाता था। इसमें 12 हॉर्स पावर का सिंगल सिलेंडर 'हॉट बल्ब' इंजन था, जिसे चालू करने से पहले गर्म करना पड़ता था। एक बार चालू होने पर, यह कम स्पीड पर भी काफी ताकतवर था। इसका उपयोग खेतों में हल चलाने, पानी के पंप चलाने और चक्की चलाने के लिए किया जाता था।
बोली का सफर
शुरुआत में, मुंबई की एक कंपनी ने इसे 2 लाख रुपये में खरीदने की पेशकश की थी। धीरे-धीरे इसकी ऐतिहासिक महत्वता को समझते हुए बोली बढ़कर 28 लाख रुपये तक पहुंच गई। हालांकि, मालिक ने इसे नहीं बेचा। अंततः एक विदेशी कंपनी ने 1.25 करोड़ रुपये में इसे खरीद लिया।
म्यूजियम की शोभा
हाल ही में इस ट्रैक्टर को ट्रक में लादकर रवाना किया गया। अब यह अमेरिका के म्यूजियम में प्रदर्शित किया जाएगा। आज के समय में जब वाहन कुछ वर्षों में पुरानी हो जाती हैं, वहीं यह 105 साल पुरानी मशीन अपनी मजबूती और इतिहास के कारण करोड़ों में बिकी। यह कहानी दर्शाती है कि कभी-कभी कबाड़ समझी जाने वाली चीजें भी अनमोल विरासत बन जाती हैं।