उत्तर कोरिया ने दागी बैलिस्टिक मिसाइलें, पूर्वी एशिया में बढ़ा तनाव
उत्तर कोरिया का मिसाइल परीक्षण
रविवार को, उत्तर कोरिया ने अमेरिका और इजरायल के साथ बढ़ती तनाव के बीच समुद्र की दिशा में कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। इस घटना ने पूर्वी एशिया में स्थिति को और अधिक तनावपूर्ण बना दिया है। दक्षिण कोरिया और जापान ने इस पर हाई अलर्ट जारी किया है।
दक्षिण कोरिया की प्रतिक्रिया
दक्षिण कोरिया के ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ (JCS) ने बताया कि मिसाइलों का प्रक्षेपण पूर्वी सिनपो क्षेत्र से किया गया। JCS ने यह भी कहा कि दक्षिण कोरिया ने अपनी निगरानी प्रणाली को मजबूत किया है और अमेरिका तथा जापान के साथ निकट संपर्क में है।
इमरजेंसी बैठक का आयोजन
दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति कार्यालय ने जानकारी दी कि राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद इन प्रक्षेपणों पर चर्चा करने के लिए एक इमरजेंसी बैठक बुलाएगी। जापान के रक्षा मंत्रालय ने भी इन मिसाइलों के प्रक्षेपण की पुष्टि की है, यह बताते हुए कि ये हथियार उत्तर कोरिया के पूर्वी तट के पास समुद्री क्षेत्र में गिरे। जापान ने उत्तर कोरिया के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर खतरा
जापान ने कहा कि ये प्रक्षेपण क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय शांति के लिए खतरा हैं और यह संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों का उल्लंघन करते हैं, जो उत्तर कोरिया की बैलिस्टिक गतिविधियों पर रोक लगाते हैं। पिछले सप्ताह, उत्तर कोरिया ने कहा था कि उनके नेता किम जोंग उन ने देश के विध्वंसक युद्धपोत से मिसाइल परीक्षणों की निगरानी की। किम ने यह भी कहा कि उनकी सरकार का ध्यान परमाणु बलों के असीमित विस्तार पर है।
अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के महानिदेशक राफेल ग्रॉसी ने भी पिछले सप्ताह कहा था कि उनकी एजेंसी ने उत्तर कोरिया के परमाणु केंद्रों में गतिविधियों में तेज वृद्धि की पुष्टि की है।