मोसाद का चौंकाने वाला पेजर अटैक: इजरायल की खुफिया रणनीति का नया अध्याय
मोसाद: इजरायल की खुफिया ताकत
मोसाद, इजरायल की खुफिया एजेंसी, विश्वभर में अपने अभियानों के लिए जानी जाती है। इसे एक ओर सहयोगी देशों द्वारा एक प्रमुख खुफिया संगठन माना जाता है, वहीं दूसरी ओर दुश्मन देशों में इसकी छवि नकारात्मक है। इस एजेंसी ने कई महत्वपूर्ण ऑपरेशनों को अंजाम दिया है, जिससे इजरायल के हितों की रक्षा हुई है और दुश्मनों में भय का संचार हुआ है। मोसाद के कार्यों ने इजरायल जैसे छोटे देश की अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा को ऊंचाई पर पहुंचाया है।
मोसाद के सफल ऑपरेशनों की सूची
ऑपरेशन फिनाले, ऑपरेशन डायमंड, ऑपरेशन एंतेबे और ऑपरेशन रैथ ऑफ गॉड जैसे कई अभियानों ने मोसाद की सफलता को दर्शाया है। 20वीं सदी में ऑपरेशन एंतेबे ने दुनिया को चौंका दिया था, लेकिन 21वीं सदी में मोसाद ने 2024 में एक ऐसा ऑपरेशन किया, जिसने अमेरिकी राष्ट्रपति को भी हैरान कर दिया।
पेजर अटैक की योजना
इस ऑपरेशन की सबसे बड़ी उपलब्धि यह थी कि इसकी योजना दशकों पहले बनाई गई थी। दुश्मन की सप्लाई चेन में घुसपैठ कर एक ऐसा हथियार पहुंचाया गया, जिसका नियंत्रण मोसाद के मुख्यालय में था। इस मिशन की गोपनीयता बनाए रखना इस ऑपरेशन का महत्वपूर्ण पहलू था।
हिजबुल्लाह पर मोसाद का हमला
7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद इजरायल ने गाजा में युद्ध की घोषणा की। इसके बाद हिजबुल्लाह ने इजरायल के खिलाफ संघर्ष का एलान किया। एक साल बाद, जब हमास कमजोर हुआ, इजरायल ने हिजबुल्लाह के खिलाफ कार्रवाई की योजना बनाई।
पेजर अटैक का दिन
17 सितंबर 2024 को लेबनान में एक सामान्य सुबह थी, लेकिन अचानक पेजर में विस्फोट होने लगे। यह घटना पूरे देश में हड़कंप मचा गई। प्रारंभ में किसी को समझ नहीं आया कि यह क्या हो रहा है। बाद में इजरायल ने इस हमले की जिम्मेदारी ली।
वॉकी-टॉकी अटैक
17 सितंबर के पेजर धमाकों के बाद, इजरायल ने 18 सितंबर को हिजबुल्लाह से जुड़े वॉकी-टॉकी को निशाना बनाया। इस हमले में भी कई लोग घायल हुए।
मोसाद की रणनीति
मोसाद ने पेजर अटैक के लिए एक विशेष रणनीति बनाई थी, जिसमें हिजबुल्लाह के लड़ाकों को धोखे में रखा गया। धमाकों के समय पेजर में बीप की आवाज आई, जिससे हिजबुल्लाह के लोग भ्रमित हो गए।
लेबनान सरकार की प्रतिक्रिया
लेबनान की सरकार ने यूएन को पत्र भेजकर इजरायल पर पेजर और वॉकी-टॉकी अटैक का आरोप लगाया। इस पत्र में बताया गया कि इन हमलों में कई लोग मारे गए और घायल हुए।
अमेरिकी राष्ट्रपति की प्रतिक्रिया
इजरायल के पूर्व रक्षा मंत्री ने व्हाइट हाउस को पेजर अटैक की जानकारी दी थी। जब अमेरिकी मीडिया में इस घटना की खबरें आईं, तो राष्ट्रपति जो बाइडेन की टीम भी चौंक गई।
मोसाद की तैयारी
करीब एक दशक पहले मोसाद ने हिजबुल्लाह के उपकरणों को हथियार में बदलने की योजना बनाई थी। इस योजना के तहत पेजर को एक खतरनाक उपकरण में तब्दील किया गया।
पेजर अटैक का प्रभाव
पेजर अटैक ने हिजबुल्लाह के लड़ाकों में भय पैदा कर दिया। यह पहली बार था जब एक सामान्य उपकरण को एक घातक हथियार में बदला गया।
इजरायल को लाभ
इस हमले ने हिजबुल्लाह के संचार को बाधित किया और इजरायल को एक महत्वपूर्ण रणनीतिक लाभ दिया।