इजरायल और संयुक्त राष्ट्र के बीच बढ़ता तनाव: गुटेरेस की रिपोर्ट पर विवाद
इजरायल और गुटेरेस के बीच संबंधों में खटास
इजरायल और संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के बीच संबंधों में तनाव बढ़ता जा रहा है। पिछले कुछ वर्षों से दोनों के बीच की स्थिति अब चरम पर पहुंच चुकी है। वर्तमान में, इजरायल और गुटेरेस के बीच संपर्क पूरी तरह से समाप्त हो चुका है। यह तनाव 7 अक्टूबर को इजरायल और हमास के बीच शुरू हुए संघर्ष से उत्पन्न हुआ। जब हमास ने इजरायल पर हमला किया, तब गुटेरेस ने हमास की निंदा की, लेकिन इसके बाद इजरायल के साथ उनके संबंधों में खटास आ गई। आइए जानते हैं कि इस विवाद की जड़ें क्या हैं और इसका ऐतिहासिक संदर्भ क्या है।
हाल ही में, संयुक्त राष्ट्र ने संघर्ष-संबंधी यौन हिंसा पर एक रिपोर्ट जारी की, जिसमें इजरायली सैनिकों पर बंधकों और कमजोर समूहों के खिलाफ यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए गए। इस रिपोर्ट में गाजा में इजरायल द्वारा यौन हिंसा के मामलों का विस्तृत उल्लेख किया गया है। इसमें यह भी कहा गया कि पिछले साल मार्च से गाजा और वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनियों का व्यवस्थित यौन उत्पीड़न किया गया।
इस रिपोर्ट और ब्लैकलिस्टिंग ने इजरायल को बेहद नाराज कर दिया। इजरायल ने तुरंत गुटेरेस से संपर्क तोड़ने का निर्णय लिया। संयुक्त राष्ट्र में इजरायल के राजदूत डैनी डैनन ने घोषणा की कि इजरायल अब उनके साथ सहयोग नहीं करेगा। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, 'गुटेरेस! हमारा तुमसे कोई संबंध नहीं है।' इजरायली विदेश मंत्रालय ने भी इस रिपोर्ट को शर्मनाक और बेतुका करार दिया।
संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट के प्रमुख बिंदु
विदेश मंत्रालय ने आरोप लगाया कि यूएन ने जानबूझकर इजरायल को निशाना बनाया है और कहा कि वे नए महासचिव की नियुक्ति का इंतजार करेंगे। गुटेरेस का कार्यकाल इस साल 31 दिसंबर को समाप्त हो रहा है। रिपोर्ट में यौन हिंसा के 31 सत्यापित मामलों का उल्लेख किया गया है, जिनमें से अधिकांश को हिरासत में रखा गया था। रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि यौन हिंसा केवल जेलों में नहीं, बल्कि सैन्य शिविरों में भी की गई।
रिपोर्ट में क्या-क्या शामिल?
- फिलिस्तीनियों से दुष्कर्म
- गुप्तांगों पर चोट मारना
- स्तनों और जननांगों को छूना
- प्राइवेट पार्ट को निशाना बनाकर गोली मारना
- जबरन नग्न करना
- दुष्कर्म करने की धमकी
- तलाशी के नाम पर निजी अंगों को छूना
- सामूहिक दुष्कर्म
- गुप्तांगों पर वस्तुओं को डालना
अमेरिका का इजरायल के साथ समर्थन
इजरायल को इस बात पर आपत्ति है कि उसे अन्य आतंकियों के साथ एक ही सूची में रखा गया है। इस मामले में अमेरिका ने भी इजरायल का समर्थन किया। संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत माइक वाल्ट्ज़ ने यूएन की रिपोर्ट को मजाक बताया और कहा कि इजरायल एक लोकतांत्रिक देश है, जहां कानून का शासन मजबूत है।
गुटेरेस और इजरायल के रिश्तों में गिरावट
25 अक्टूबर 2023: गुटेरेस ने कहा कि फिलिस्तीनी दशकों से कब्जे के खिलाफ संघर्ष कर रहे हैं। इजरायल पर हमले का कोई कारण नहीं था। इस बयान से इजरायल भड़क गया और इस्तीफे की मांग की। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र के अधिकारियों के वीजा पर रोक लगाने का भी ऐलान किया।
मार्च 2024: गुटेरेस ने दो राष्ट्र समाधान का समर्थन किया, जिसे इजरायल ने खारिज कर दिया। इसके बाद इजरायल ने उन पर पक्षपातपूर्ण रुख अपनाने का आरोप लगाया।
1 अक्टूबर 2024: इजरायल पर ईरान ने बैलेस्टिक मिसाइलों से हमला किया। गुटेरेस ने हमले की निंदा की, जिससे इजरायल नाराज हुआ और कहा कि गुटेरेस ने ईरान की निंदा नहीं की। बाद में इजरायली विदेश मंत्री ने गुटेरेस को अवांछित व्यक्ति घोषित कर दिया।