ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर खामेनेई की अंतिम यात्रा: मोजतबा की अनुपस्थिति पर चर्चा
तेहरान में खामेनेई की अंतिम यात्रा
नई दिल्ली: ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की अंतिम यात्रा के दौरान 6 जुलाई को तेहरान में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए। लोगों की कतारें कई किलोमीटर तक फैली हुई थीं। खामेनेई के ताबूत को ग्रैंड मोसल्ला में लाए जाने पर उनके तीन बेटे, मुस्तफा, मैसम और मसूद, भावुक होकर रोते हुए दिखाई दिए। हालांकि, सबसे अधिक चर्चा उनके चौथे बेटे मोजतबा खामेनेई की अनुपस्थिति पर केंद्रित रही।
महिलाओं की निराशा
जनाजे में शामिल महिलाओं के चेहरे पर निराशा स्पष्ट थी। एक महिला ने कहा कि वह नमाज शुरू होने का इंतजार करती रहीं। एक अन्य महिला ने बताया, "मैंने अपने आस-पास के लोगों से कहा कि काश मोजतबा खामेनेई खुद आ जाएं। यही हमारी सबसे बड़ी इच्छा थी। हमें उम्मीद थी कि मोजतबा आएंगे और हम उन्हें देख पाएंगे। लेकिन वह नहीं आए।" मोजतबा खामेनेई की कोई सार्वजनिक तस्वीर या वीडियो अब तक सामने नहीं आया है।
28 फरवरी के हमले में मोजतबा के घायल होने की खबर
रिपोर्टों के अनुसार, 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हमले में मोजतबा गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इस हमले में अयातुल्ला खामेनेई और उनके परिवार के कई सदस्य भी मारे गए थे। 11 अप्रैल को रॉयटर्स ने बताया कि मोजतबा का चेहरा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया था।
उनके एक या दोनों पैरों में भी गंभीर चोटें आई हैं, और संभवतः एक पैर काटना भी पड़ा हो। उनके परिवार में पत्नी जहरा हद्दाद आदेल समेत कई लोग मारे गए थे। सोशल मीडिया पर इस बात की चर्चा है कि क्या मोजतबा उस हमले के बाद जीवित भी हैं, लेकिन इसका कोई ठोस प्रमाण नहीं है।
मोजतबा खामेनेई का नया सुप्रीम लीडर बनना
खामेनेई की मृत्यु के लगभग 10 दिन बाद, 8 मार्च को मोजतबा खामेनेई को नया सुप्रीम लीडर चुना गया। 12 मार्च को उन्होंने पहला लिखित संदेश जारी किया, जिसे टीवी एंकर ने पढ़ा। इस संदेश में बदला लेने की बात कही गई थी। उसके बाद से मोजतबा के कई संदेश जारी हो चुके हैं, लेकिन सभी सरकारी टीवी पर एंकर द्वारा ही पढ़े जाते हैं। मोजतबा खुद सार्वजनिक रूप से कहीं नजर नहीं आए।
आगे की प्रक्रिया
अब खामेनेई का पार्थिव शरीर कोम ले जाया जाएगा। मंगलवार को वहां अंतिम संस्कार का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। सरकारी अधिकारियों के अनुसार, ताबूत को विशेष वाहन से सड़क मार्ग से कोम भेजा जाएगा। बुधवार को शरीर को विमान से इराक के नजफ और कर्बला ले जाया जाएगा।
गुरुवार को इसे वापस ईरान लाकर मशहद में एक और अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। इसके बाद उन्हें मध्यकालीन शिया इमाम की दरगाह के पास दफनाया जाएगा। तेहरान की सड़कों पर लाखों लोग खामेनेई को विदाई देने आए थे, लेकिन नए लीडर मोजतबा की एक झलक पाने की उम्मीद में कई लोग मायूस लौटे।