क्या अमेरिका-ईरान के बीच स्थायी शांति संभव है? पाकिस्तान की मध्यस्थता की भूमिका
अमेरिका और ईरान के बीच अस्थायी युद्ध विराम
नई दिल्ली: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव के बीच एक अस्थायी युद्ध विराम लागू किया गया है, लेकिन इसे स्थायी बनाने के प्रयास तेज हो गए हैं। इस प्रक्रिया में पाकिस्तान एक महत्वपूर्ण मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर ईरानी अधिकारियों से तेहरान में बातचीत कर रहे हैं। इसके अलावा, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री मिस्र, सऊदी अरब और कतर जैसे देशों के साथ मध्यस्थता के प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं।
संवर्धित यूरेनियम पर बातचीत
अमेरिका और ईरान की तकनीकी टीमें संवर्धित यूरेनियम को पतला करने पर चर्चा कर रही हैं। यूरोपीय देश भी इस प्रक्रिया में सक्रिय हैं, और फ्रांस में 40 देशों की बैठक प्रस्तावित है, जिसमें होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने पर विचार किया जा सकता है। इन सभी गतिविधियों के बीच, यह सवाल उठता है कि पूर्ण युद्ध विराम कब तक संभव होगा?
शांति समझौते में समय लग सकता है
शांति समझौते में 6 महीने का लग सकता है समय
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, यूरोप, अरब और मध्य पूर्व के राजनयिकों का कहना है कि पूर्ण शांति समझौते में लगभग 6 महीने का समय लग सकता है। उनका सुझाव है कि वर्तमान युद्ध विराम को बढ़ाया जाए और होर्मुज जलडमरूमध्य को तुरंत खोलने की योजना बनाई जाए।
फ्रांस में प्रस्तावित बैठक में होर्मुज नाकाबंदी समाप्त करने का रोडमैप तैयार किया जा सकता है, जिससे वैश्विक तेल आपूर्ति बहाल हो सकेगी और खाद्य संकट का खतरा कम होगा।
ट्रंप की उम्मीदें
जल्द खत्म हो सकता है युद्ध: ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में कहा कि ईरान के साथ बातचीत काफी आगे बढ़ चुकी है और युद्ध जल्द समाप्त होने की संभावना है। ट्रंप ने यह भी संकेत दिया कि यदि समझौता होता है, तो वे इस्लामाबाद जा सकते हैं, जहां वे और ईरानी राष्ट्रपति मसूद पजेश्कियान समझौते पर हस्ताक्षर कर सकते हैं।
ट्रंप ने कहा कि ईरान समझौता चाहता है और बातचीत सकारात्मक दिशा में चल रही है, लेकिन होर्मुज और परमाणु कार्यक्रम जैसे मुद्दे अभी भी चुनौती बने हुए हैं।
पूर्ण युद्ध विराम की संभावना
30 अप्रैल तक पूर्ण युद्ध विराम
पॉलिमार्केट पर सट्टेबाजों की राय भी दिलचस्प है। लगभग 70 प्रतिशत सट्टेबाज मानते हैं कि 30 अप्रैल तक पूर्ण युद्ध विराम संभव है। इन सट्टेबाजों ने पहले ईरान पर हमले के संबंध में भी सही अनुमान लगाया था। हालांकि, कुछ बाजारों में स्थायी शांति समझौते के लिए अप्रैल के अंत तक केवल 35-36 प्रतिशत संभावना दिख रही है, जबकि युद्ध विराम बढ़ाने या नई बैठक के लिए अप्रैल अंत तक उच्च संभावना है।