चंडीगढ़ में एमएसएमई सशक्तिकरण पर सेमिनार का आयोजन
चंडीगढ़ में पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री ने 'सस्टेन, स्केल एंड सक्सीड: द एरा ऑफ़ एमएसएमई एम्पावरमेंट' विषय पर एक महत्वपूर्ण सेमिनार आयोजित किया। इस कार्यक्रम में तकनीकी अपनाने, स्थिरता प्रथाओं और वित्तीय तैयारी पर जोर दिया गया। विशेषज्ञों ने एमएसएमई के लिए एक सक्षम पारिस्थितिकी तंत्र बनाने की आवश्यकता पर चर्चा की। जानें इस सत्र में क्या-क्या महत्वपूर्ण बातें साझा की गईं।
Dec 2, 2025, 19:22 IST
सस्टेन, स्केल एंड सक्सीड: एमएसएमई के लिए नई दिशा
चंडीगढ़ में पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री के स्थानीय शाखा द्वारा चंडीगढ़ प्रशासन के सहयोग से 'सस्टेन, स्केल एंड सक्सीड: द एरा ऑफ़ एमएसएमई एम्पावरमेंट' विषय पर एक महत्वपूर्ण सत्र आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में चंडीगढ़ चेप्टर के अध्यक्ष रजनीश बंसल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए एमएसएमई की मजबूती के लिए तकनीकी अपनाने, स्थिरता प्रथाओं और वित्तीय तैयारी पर जोर दिया।
पीएचडीसीसीआई की सीनियर रीजनल डायरेक्टर भारती सूद ने बताया कि सरकारी विभागों, वित्तीय संस्थानों और तकनीकी प्रदाताओं के साथ मिलकर एमएसएमई के लिए एक सक्षम पारिस्थितिकी तंत्र बनाने की आवश्यकता है। इस सत्र में नेशनल प्रोडक्टिविटी काउंसिल चंडीगढ़ के क्षेत्रीय निदेशक अशोक कुमार ने उत्पादकता में सुधार और ऑपरेशनल उत्कृष्टता बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की।
टाटा पावर रिन्यूएबल एनर्जी लिमिटेड के रीजनल सेल्स मैनेजर उदय शंकर ने औद्योगिक संचालन के लिए स्वच्छ, लागत-कुशल और स्थायी ऊर्जा समाधानों की आवश्यकता पर जोर दिया। पीएचडीसीसीआई की रीजनल एनसीएलटी और कॉर्पोरेट अफेयर्स कमेटी के कन्वीनर, सीएस राहुल जोगी ने कॉर्पोरेट गवर्नेंस और कानूनी सुरक्षा उपायों पर जानकारी साझा की।
पीएनबी चंडीगढ़ के एजीएम सीए सिद्धार्थ मित्तल ने एमएसएमई के लिए चल रही योजनाओं की जानकारी दी। अंत में, पीएचडीसीसीआई की क्षेत्रीय बैंकिंग एवं वित्तीय सेवा समिति के संयोजक शिव शंकर ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया।