ट्रंप का दावा: हमास के निशस्त्रीकरण पर समझौता, लेकिन युद्ध समाप्ति में बाधाएं बनीं
समझौते का दावा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यह जानकारी दी है कि हमास के हथियारों के निरस्तीकरण और गाजा पट्टी से इजरायली बलों की वापसी के लिए एक समझौता हुआ है। फिर भी, युद्ध को समाप्त करने में कई चुनौतियाँ अभी भी मौजूद हैं। इस समझौते की पुष्टि न तो हमास और न ही इजराइल ने की है।
व्हाइट हाउस की घोषणा
यह घोषणा व्हाइट हाउस द्वारा की गई है, जो अमेरिका की मध्यस्थता में हुए युद्धविराम समझौते पर हस्ताक्षर के लगभग नौ महीने बाद आई है। समझौते के दूसरे चरण की बातचीत इजराइल और हमास के बीच लंबे समय से रुकी हुई थी, जिसमें हमास का निरस्तीकरण और गाजा का पुनर्निर्माण शामिल है।
ट्रंप की योजना
सोशल मीडिया पर ट्रंप ने कहा, 'इस समझौते को सावधानीपूर्वक चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। जैसे ही निरस्तीकरण की प्रक्रिया पूरी होगी, इजरायली सेना गाजा से पीछे हट जाएगी। इसके बाद, 'इंटरनेशनल स्टेबिलाइजेशन फोर्स' फलस्तीनी नए पुलिस बल के साथ मिलकर गाजा को सुरक्षित बनाने की जिम्मेदारी लेगी।' ट्रंप की 20-सूत्री युद्धविराम योजना में ईरान समर्थित हमास से हथियार डालने और उसके सुरंग नेटवर्क को नष्ट करने का आह्वान किया गया है।
गाजा में युद्ध की स्थिति
7 अक्टूबर 2023 को दक्षिणी इजराइल पर हमास के हमले के बाद गाजा में युद्ध शुरू हुआ, जिसमें लगभग 1,200 लोग मारे गए और 251 को बंधक बना लिया गया। गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इजराइल की सैन्य कार्रवाई में अब तक 73,000 से अधिक फलस्तीनी मारे जा चुके हैं।
वर्तमान स्थिति
इनमें युद्धविराम के बाद मारे गए लोग भी शामिल हैं। वर्तमान में, गाजा के आधे से अधिक क्षेत्र पर इजराइली सेना का नियंत्रण है, जिसके कारण बड़ी संख्या में फलस्तीनी लोग तंग तंबूओं और बुरी तरह क्षतिग्रस्त शहरी क्षेत्रों में रहने को मजबूर हैं।